तोरपा. कोइल कारो जनसंगठन व गुड़िया पड़हा की संयुक्त बैठक बुधवार को तपकरा के गुटूहातु गांव में जोन जुरसेन गुड़िया की अध्यक्षता में हुई. बैठक में पेसा नियमावली 2025 तथा सीएनटी एवं एसपीटी एक्ट के प्रबंधन का सीएजी द्वारा अंकेक्षण या मूल्यांकन पर रोक लगाने सहित विभिन्न विषयों पर विचार विमर्श किया गया. बैठक में झारखंड उलगुलान संघ के संयोजक अलेस्टेयर बोदरा ने कहा कि पेसा नियमावली 2025 को केबिनेट में लाने से पहले जनजातीय सलाहकार परिषद (टीएसी) की सहमति लेना सरकार ने जरूरी नहीं समझा, परन्तु सीएजी द्वारा सीएनटी एक्ट एवं एसपीटी एक्ट के प्रबंधन का अंकेक्षण या मूल्यांकन पर रोक लगाने हेतु टीएसी की बैठक आयोजित कर रोक लगाने का निर्णय लिया गया. उन्होंने उपस्थित ग्रामीणों को सचेत करते हुए कहा कि पेसा नियमावली 2025 पेसा कानून के क्रियान्वयन के लिए नहीं बनाया गया है, बल्कि झारखंड पंचायत राज अधिनियम 2001 के क्रियान्वयन के लिए बनाया गया है. झारखंड पंचायत राज अधिनियम 2001 का धारा 10 का उपधारा नौ यह कहती है कि राज्य सरकार साधारण या विशेष आदेश द्वारा ग्राम सभा को सौंपे गए कृत्यों और शक्तियों को वापस भी ले सकती है. बैठक को सेरेंग पतरस गुड़िया, रेजन गुड़िया, मसीहदास गुड़िया, बेनेदिक्त नवरंगी, जीवन हेमरोम, बिनोद गुड़िया, सुगड़ गुड़िया, अनाक्लेतुस कन्डुलना, प्रकाश डाहंगा, मदन सिंह एवं दुलार मुंडा आदि ने भी संबोधित किया.
कोइल कारो जनसंगठन की बैठक में पेसा पर चर्चा
कोइल कारो जनसंगठन व गुड़िया पड़हा की संयुक्त बैठक
