खाकी का रौब और हाथ में कट्टा, जामताड़ा से पकड़ा गया फर्जी पुलिस वाला, लोगों से करता था अवैध वसूली

जामताड़ा जिले की मिहिजाम थाना पुलिस ने पुलिस की फर्जी वर्दी पहनकर लोगों को डराने-धमकाने और अवैध वसूली करने वाले एक शातिर आरोपी को गिरफ्तार किया है. आरोपी के पास से देसी कट्टा, कारतूस और अन्य सामान जब्त किया गया है.

जामताड़ा से उमेश कुमार की रिपोर्ट

जामताड़ा : जामताड़ा जिले की मिहिजाम थाना पुलिस ने पुलिस की फर्जी वर्दी पहनकर लोगों को डराने-धमकाने और अवैध वसूली करने वाले एक शातिर आरोपी को गिरफ्तार किया है. आरोपी के पास से एक देसी कट्टा, पांच जिंदा कारतूस, दो वॉकी-टॉकी, दो चाकू, तीन स्मार्टफोन, पुलिस की वर्दी, बूट, बेल्ट, टोपी, पिट्ठू बैग, एक डायरी और जैप-5 का फर्जी पहचान पत्र जब्त किया गया है. इस पूरे मामले का खुलासा बुधवार को एसडीपीओ वसीम रजा ने एक प्रेस वार्ता के दौरान किया. पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है.

कानगोई पत्थर डंप के पास शराब पीते धराया आरोपी

एसडीपीओ वसीम रजा ने बताया कि मंगलवार शाम पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर वारंटियों और फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा था. इसी दौरान मिहिजाम थाना प्रभारी प्रदीप राणा को गुप्त सूचना मिली कि पुलिस की वर्दी पहने एक संदिग्ध व्यक्ति कानगोई-डोमदाहा रोड पर घूमकर लोगों को दिग्भ्रमित कर रहा है. सूचना का सत्यापन करने पहुंची पुलिस टीम ने कानगोई पत्थर डंप के पास पुलिस की पैंट और बूट पहने एक व्यक्ति को शराब पीते हुए रंगे हाथों पकड़ लिया.

ये भी पढ़ें: JPSC परीक्षा में गड़बड़ी मामलाः दूसरे दिन पूछताछ के लिए CID कार्यालय पहुंचे एल खियांग्ते

धनबाद से खरीदी थी वर्दी

कड़ाई से पूछताछ करने पर आरोपी ने अपना नाम अनुप कुमार (34 वर्ष), कानगोई (मिहिजाम) का रहने वाला बताया. उसने शुरुआत में खुद को जैप-5 (देवघर) का जवान बताया, लेकिन जब पुलिस ने उसके पहचान पत्र की जांच की, तो उसमें अंकित नियुक्ति तिथि और जन्मतिथि में भारी गड़बड़ी पाई गई. सख्ती से पूछताछ के बाद आरोपी ने कबूल किया कि उसने फर्जी आईकार्ड बनवाया था और धनबाद से पुलिस की वर्दी खरीदकर पहनता था. वह वर्दी का रौब दिखाकर आम लोगों को डराता था और उनसे अवैध वसूली करता था.

पूर्व में भी दर्ज है आपराधिक मामला

पुलिस जांच में यह बात भी सामने आई है कि आरोपी अनुप कुमार का आपराधिक इतिहास रहा है. उसके खिलाफ पूर्व में भी चितरंजन थाना कांड संख्या 13/2014 के तहत धारा 498ए, 323, 406, 506 आईपीसी और दहेज प्रतिषेध अधिनियम के तहत मामला दर्ज है. इस मामले में मिहिजाम थाना कांड संख्या 50/2026 दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है. सफलता हासिल करने वाले छापेमारी दल में थाना प्रभारी प्रदीप राणा, पुलिस अवर निरीक्षक गुलशन कुमार सिंह, आरक्षी अजीत कामती और आरक्षी सदीक अंसारी मुख्य रूप से शामिल थे.

ये भी पढ़ें: झारखंड SIR अभियान: 29 जुलाई यानी आज है इन्यूमरेशन फॉर्म जमा करने की आखिरी तारीख


प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Sameer Oraon

इंटरनेशनल स्कूल ऑफ बिजनेस एंड मीडिया से बीबीए मीडिया में ग्रेजुएट होने के बाद साल 2019 में भारतीय जनसंचार संस्थान दिल्ली से हिंदी पत्रकारिता में पीजी डिप्लोमा किया. 5 साल से अधिक समय से प्रभात खबर में डिजिटल पत्रकार के रूप में कार्यरत हूं. इससे पहले डेली हंट में बतौर प्रूफ रीडर एसोसिएट के रूप में काम किया. झारखंड के सभी समसामयिक मुद्दे खासकर राजनीति, लाइफ स्टाइल, हेल्थ से जुड़े विषयों पर लिखने और पढ़ने में गहरी रुचि है. तीन साल से अधिक समय से झारखंड डेस्क पर काम कर रहा हूं. फिर लंबे समय तक लाइफ स्टाइल के क्षेत्र में भी काम किया हूं. इसके अलावा स्पोर्ट्स में भी गहरी रुचि है.

Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >