गालूडीह : लगातार बारिश से सुवर्णरेखा नदी उफान पर है. गालूडीह बराज डैम के छह गेट सोमवार को खोल दिये गये. इससे नदी के पूर्व दिशा में डैम से प्रति सेकेंड 1531 क्यूमेक पानी छोड़ा जा रहा है. वहीं, इसी डैम से मुख्य दायी नहर में प्रति सेकेंड 15 क्यूमेक पानी छोड़ा जा रहा, जो बहकर ओडिशा जा रहा है. पहले दायीं नहर में डैम से प्रति सेकेंड 70 क्यूमेक पानी छोड़ा जा रहा था. पर लगातार बारिश से पानी छोड़ने की मात्रा घटाई गयी है. अब प्रति सेकेंड 15 क्यूमेक पानी नहर में छोड़ा जा रहा है.
गेट खोलने से पहले बजाया जाता है सायरन
नदी में पानी छोड़ने की मात्रा लगातार बढ़ायी जा रही है. चूंकी नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है. हालांकि डैम में अभी भी 92.7 मीटर आरएल पानी स्टोर है. बराज डैम में कुल 18 गेट लगे हैं. इसमें 6 गेट ही खोला गया है. बाकी गेट बंद है. गेट खोलने के पहले सायरण बजाया जाता है. मछुआरों और तटवर्ती गांवों को अलर्ट कर दिया जाता है. परियोजना पदाधिकारी तटवर्ती गांवों को लगातार अलर्ट भी कर रहे हैं. मछुआरों को नदी में जाने से मना किया जा रहा है.
अगस्त में औसत से अधिक हुई अब तक बारिश
दारीसाई क्षेत्रीय अनुसंधान केंद्र के मौसम विभाग की रिपोर्ट के अनुसार अगस्त महीने में अब तक औसत से अधिक बारिश हुई है. अगस्त प्रथम सप्ताह से बेहतर बारिश हो रही है. यह क्रम जारी ही है. यह बारिश धान की खेती से काफी लाफदायक है. कृषि वैज्ञानिक डी रजक ने कहा - जिन खेतों में अपेक्षा से अधिक पानी जमा हो गया वहां किसान मेढ़ काट कर कुछ पानी बहा सकते हैं. धान के पौधे पूरा ना डूबे इसका ख्याल रखना है. ऐसे इस बारिश से धान की खेतो को फायदा ही होगा नुकसान नहीं.
अगस्त में अब तक कब-कब कितनी हुई बारिश
1 अगस्त : शून्य, 2 अगस्त : शून्य, 3 अगस्त : शून्य, 4 अगस्त : शून्य, 5 अगस्त : 60.2 मिलीमीटर, 6 अगस्त: 12.2 मिलीमीटर, 7 अगस्त : 36.6 मिलीमीटर, 8 अगस्त : 20.8 मिलीमीटर, 9 अगस्त : शून्य, 10 अगस्त : 5.4 मिलीमीटर, 11 अगस्त : 32.8 मिलीमीटर, 12 अगस्त : शून्य, 13 अगस्त : 19.2 मिलीमीटर, 14 अगस्त : 5.2 मिलीमीटर, 15 अगस्त: 2.4 मिलीमीटर, 16 अगस्त: शून्य
