Jamshedpur news. मानगो का कचरा हो रहा दलमा के तराई में डंपिंग

यह क्षेत्र इको सेंसेटिव जोन, जंगली जानवरों के अलावा पक्षियों पर पड़ रहा कुप्रभाव

Jamshedpur news.

मानगो नगर निगम के कचरा को दलमा के तराई वाले एरिया में डंपिंग की जा रही है. इससे मुश्किल वाले हालात पैदा हो गये हैं. हालात यह है कि इको सेंसेटिव जोन में यह एरिया पड़ता है. यहां पास में ही जंगली नाला है, जो दलमा के तराई वाले एरिया से बहता है, जहां जंगली जानवर कभी-कभी आते भी रहते हैं. हालात यह है कि मानगो नगर निगम द्वारा वहां कचरा की डंपिंग कर दी जाती है और फिर वहां दिन भर यह कचरा रहता है. इसके बाद रात को वहां से कचरा को आदित्यपुर ट्रांसफर किया जाता है. कचरा के ट्रांसफर स्टेशन के तौर पर इस एरिया को विकसित कर दिया गया है. एनएच 33 पर पारडीह काली मंदिर से होटल सिटी इन के बीच वाले एरिया में यह डंपिंग मेन रोड में ही कर दी जा रही है.इससे आम जनता को भी दिक्कत हो रही है, जबकि दलमा के जंगलों और जंगली जानवरों के अलावा पक्षियों को भी यह प्रभाव डाल रहा है. इको सेंसेटिव जोन में जहां किसी तरह का निर्माण या किसी तरह की ऐसी गतिविधि वर्जित है, वहीं दलमा के तराई में कचरे की डंपिंग हो रही है. स्थानीय लोगों द्वारा इसे लेकर उपायुक्त से लेकर प्रशासनिक पदाधिकारियों से शिकायत भी की गयी है. वहां रोज सैकड़ों टन कचरा की डंपिंग की जा रही है. मानगो नगर निगम के वाहन चालकों ने बताया कि उनको वहां डंपिंग करने का आदेश है. इसकी डंपिंग दिन भर की जाती है और फिर वहां से आदित्यपुर वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट में इसको भेज दिया जाता है. इस बारे में डीएफओ सबा आलम अंसारी से बातचीत करने का प्रयास किया गया, लेकिन इस मसले पर उन्होंने कुछ भी कहने से इनकार कर दिया. वहीं मानगो नगर निगम के प्रशासनिक पदाधिकारी से संपर्क नहीं हो पाया, उन्होंने फोन नहीं उठाया.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >