बहरागोड़ा : सावन की पहली सोमवारी पर विभिन्न शिवालयों में भक्तों की भीड़ उमड़ी. मंदिरों में बोल बम के नारे गूंजे. वहीं, बहरागोड़ा के प्रसिद्ध पौराणिक चित्रेश्वर मंदिर में सावन की सोमवारी पर जलाभिषेक के लिए श्रद्धालुओं की कतार लगी. यहां रविवार रात करीब एक बजे से ही जलाभिषेक के लिए लंबी कतार लगनी शुरू हो गई थी. सोमवार सुबह तक श्रद्धालुओं की कतार करीब एक किलोमीटर तक पहुंच गई.
चित्रेश्वर मंदिर में आधी रात से लगी कतार
हर साल सावन पर यहां भक्तों की भीड़ उमड़ती है. झारखंड के साथ-साथ पश्चिम बंगाल और ओडिशा के विभिन्न इलाकों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु और कांवरिया चित्रेश्वर मंदिर पहुंचते हैं. सोमवार को कांवरियों की मंडलियां कंधों पर कांवर और कलश में पवित्र जल लेकर मंदिर पहुंचीं. घंटों कतार में खड़े होकर भगवान शिव का जलाभिषेक किया.
हर-हर महादेव और बोल बम से गूंजा मंदिर परिसर
चित्रेश्वर मंदिर परिसर और आसपास का इलाका पूरे दिन 'हर-हर महादेव' और 'बोल बम' के जयघोष से गूंजता रहा. तेज धूप और लंबी कतार के बावजूद श्रद्धालुओं के उत्साह में कोई कमी नहीं दिखी. भक्त घंटों अपनी बारी का इंतजार करते रहे. मंदिर में पहुंचकर भगवान शिव का जलाभिषेक किया. भारी भीड़ को देखते हुए मंदिर परिसर में व्यवस्था बनाए रखने के लिए आयोजन समिति के सदस्य लगातार सक्रिय रहे. श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए कई स्थानों पर प्रसाद और पेयजल की व्यवस्था भी की गई. इससे दूर-दराज से पहुंचे श्रद्धालुओं को राहत मिली.
रात में सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
हालांकि, रविवार देर रात से ही श्रद्धालुओं की भीड़ जुटने के बावजूद पुलिस प्रशासन की मौजूदगी नहीं होने से सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठे. देर रात मंदिर पहुंचने वाले कई कांवरियों ने खुद को असुरक्षित महसूस किया. बरसोल पुलिस सुबह करीब 9 बजे मौके पर पहुंची. इसके बाद श्रद्धालुओं की आवाजाही और व्यवस्था को संभालने में प्रशासनिक सहयोग मिला.
क्या है मान्यता
पुजारियों का कहना है कि यहां लोगों की मन्नतें पूरी होती है. यहां स्वयंभू शिवलिंग है. साथ ही लोगों का मानना है कि मंदिर तीन हजार साल पुराना है. प्रत्येक साल सावन के पवित्र में भक्त यहां पहुंचते हैं.
