लोकतंत्र में सबको राय जाहिर करने का अधिकार : हसन रिजवी

उपमुख्य संवाददाता, जमशेदपुर झारखंड मुसलिम महाज के अध्यक्ष हसन रिजवी (पूर्व विधायक) ने कहा कि उन्हें अभी तक चुनाव आचार संहिता उल्लंघन के संबंध में कोई नोटिस प्राप्त नहीं हुआ है. नोटिस मिलेगा तो जवाब देंगे. उन्होंने कहा कि चुनाव में लगे अधिकारी जरूरत से ज्यादा एहतियात बरतने के चक्कर में भ्रम की स्थिति पैदा […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | October 31, 2014 11:04 PM

उपमुख्य संवाददाता, जमशेदपुर झारखंड मुसलिम महाज के अध्यक्ष हसन रिजवी (पूर्व विधायक) ने कहा कि उन्हें अभी तक चुनाव आचार संहिता उल्लंघन के संबंध में कोई नोटिस प्राप्त नहीं हुआ है. नोटिस मिलेगा तो जवाब देंगे. उन्होंने कहा कि चुनाव में लगे अधिकारी जरूरत से ज्यादा एहतियात बरतने के चक्कर में भ्रम की स्थिति पैदा करने में लगे हैं. उन्हें समझना चाहिए कि लोकतंत्र में हर व्यक्ति को अपनी राय और पसंद के इजहार का संवैधानिक अधिकार है. महाज एक सामाजिक संगठन है, जिसका चुनाव से कोई लेना-देना नहीं है. उनका उद्देश्य मुसलमानों को सियासत की मुख्यधारा से जोड़ना, किसी दल का वोट बैंक नहीं बनना और अपनी पसंद के अच्छे उम्मीदवार को कामयाब बनाने के लिए रहनुमाई करना है. वे किसी को जबरन वोट देने क लिए बाध्य नहीं कर रहे हैं. ऐसी स्थिति में रहनुमाई का पैगाम आचार संहिता के दायरे में नहीं आता है, फिर भी यदि इस मामले में कोई पाबंदी लगायी जायेगी तो वे मुख्य चुनाव आयुक्त से शिकायत करेंगे.