एएनएम की हत्या में शिक्षक पति को आजीवन कारावास

जमशेदपुर : पोटका कालिकापुर निवासी एएनएम सपना कालिंदी की हत्या में एडीजे सात की अदालत ने शिक्षक पति संदीप कालिंदी को आजीवन कारावास की सजा सुनायी है. बुधवार को अदालत ने संदीप पर 10 हजार जुर्माना भी लगाया. वहीं धारा 498 ए के तहत तीन साल की सजा और पांच हजार रुपये जुर्माने की सजा […]

जमशेदपुर : पोटका कालिकापुर निवासी एएनएम सपना कालिंदी की हत्या में एडीजे सात की अदालत ने शिक्षक पति संदीप कालिंदी को आजीवन कारावास की सजा सुनायी है. बुधवार को अदालत ने संदीप पर 10 हजार जुर्माना भी लगाया. वहीं धारा 498 ए के तहत तीन साल की सजा और पांच हजार रुपये जुर्माने की सजा अदालत ने सुनायी है. कोर्ट ने 16 दिसंबर को संदीप कालिंदी को दोषी करार दिया था. घटना 7 जुलाई 2016 की है. अभियोजन पक्ष से अपर लोक अभियोजक श्याम महतो ने कोर्ट में पक्ष रखा.

सपना के भाई मनीष कालिंदी ने पोटका थाना में संदीप कालिंदी के खिलाफ हत्या की प्राथमिकी दर्ज करायी थी. बुधवार को अदालत में सपना के भाई समेत मायके पक्ष के लोग मौजूद थे. सपना के परिजनों ने अदालत के फैसले का स्वागत किया. सपना के भाई झींकपानी निवासी मनीष कालिंदी ने बताया कि बहन झींकपानी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में एएनएम थी. उस समय संदीप कालिंदी तमाड़ में एक स्कूल में शिक्षक थे. शादी के कुछ दिनों के बाद से ही संदीप उसकी बहन सपना को परेशान करने लगा. संदीप कालिंदी का एक युवती के साथ संबंध था. इस कारण वह बहन के साथ अक्सर मारपीट करना था.
जान मारने व तलाक देने की धमकी देता था. वह लगातार शारीरिक और मानसिक रूप से सपना को प्रताड़ित किया करता था. उनलोगों ने कई बार समझौता कराया. सात जुलाई की रात संदीप ने बहन को जहरीला पदार्थ पिला दिया. टीएमएच ले जाने पर उसकी मौत हो गयी. शादी के दो वर्ष बाद ही बहन की हत्या कर दी गयी थी.
पुलिस ने टीएमएच में ही संदीप कालिंदी को गिरफ्तार कर लिया था. तब से संदीप कालिंदी जेल में हैं. वहीं पति संदीप कालिंदी ने पुलिस को बताया था कि सपना को सिरदर्द की शिकायत होने पर दवा पिलाई थी. इससे उसकी तबीयत खराब हो गयी. पोस्टमार्टम में सपना की मौत का कारण जहर पदार्थ बताया गया था.

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