जमशेदपुर : सुंदरनगर के करीम तालाब के समीप दो पक्षों की दावेदारी वाली जमीन को सीमांकन करने का ग्रामीणों ने जोरदार विरोध किया. अंचल कार्यालय की टीम सुवर्णरेखा प्रोजेक्ट के तहत आने वाली जमीन के सीमांकन की आड़ में विवादास्पद जमीन की भी मापी करने पर अड़ी हुई थी, जिसका विरोध ग्रामीण कर रहे है.
ग्रामीणों का कहना है कि दो पक्षों के विवाद का मामला न्यायालय में विचाराधीन है, इसलिए निर्णय आने तक अंचल कार्यालय यहां यथास्थिति को बहाल रखे. अंचल निरीक्षक राजेंद्र यादव व अमीन प्रेम कुमार महतो के नेतृत्व में जमीन की मापी करने टीम पहुंची थी, जिसे ग्रामीणों ने रोक दिया. अंचल की टीम और रैयतों के साथ ग्रामीणों के बीच चार घंटे तक समझाने का दौर चला, लेकिन स्थिति सुधरने की जगह तनावपूर्ण होती गयी.
विरोध और टकराव की सूचना मिलने के बाद डीएसपी लॉ एंड ऑर्डर आलोक रंजन के बाद एसडीओ चंदन कुमार भी वहां पहुंचे. एसडीओ ने ग्रामीणों का पक्ष सुना. उन्होंने पूरी जमीन की कहानी समझने के लिए पूरीहासा मौजा का नक्शा देखकर खाता व प्लॉट का मिलान किया. इसके बाद सीओ कार्यालय से भेजे गये नोटिस को देखा. नोटिस में जमीन मापी के लिए चार खाता संख्या दर्ज था लेकिन खातों में किन-किन प्लॉट में सीमांकन होना है, यह दर्ज नहीं था.
बारीकी से जांच करने पर एसडीओ ने पाया कि सुवर्णरेखा प्रोजेक्ट के तहत अधिग्रहित की गयी जमीन खाता संख्या- 9 में प्लॉट संख्या 695 व 796 एवं खाता संख्या-10 में प्लांट संख्या 775 का ही अंचल को सीमांकन करना है, जबकि अंचल की टीम सभी खाता व सभी प्लाॅट के सीमांकन पर अड़ी थी. इसका विराेध ग्रामीण कर रहे थे.
एसडीओ चंदन कुमार ने जबरन पूरी जमीन के सीमांकन करने की कोशिश पर सवाल उठाया. इसके बाद उन्होंने अंचल निरीक्षक को निर्देश दिया सुवर्णरेखा प्रोजेक्ट के तहत चिह्नित तीन प्लाॅट का सीमांकन कर कार्य को पूरा किया जाये. अन्य खाता व प्लॉट पर दो पक्षों का विवाद न्यायालय में लंबित है. उसका सीमांकन दोनों पक्ष के कागजातों को देखने के बाद किया जायेगा. जमीन सीमांकन के विवाद को लेकर क्षेत्र में सुबह से ही पुलिस बल की तैनाती कर दी गयी थी.
चहारदीवारी तोड़ने पर दोनों पक्षों में चल रहा केस. पिछले दिनों में करीम तालाब से सटे जमीन की चहारदीवारी की जा रही थी. इसका ग्रामीणों ने विरोध कर चहारदीवारी को तोड़ दिया था. उसके बाद सुंदरनगर थाना में दोनों पक्ष ने एक-दूसरे पर केस भी दर्ज कराया था.
पूरी जमीन के सीमांकन का प्रयास गलत : बारी मुर्मू
रैयती व ग्रामीणों की ओर से आंदोलन कर रही भाजपा नेत्री बारी मुर्मू ने कहा कि सुवर्णरेखा प्रोजेक्ट के नाम पर अंचल की टीम विवादित पूरी जमीन का सीमांकन करना चाहती है. सीमांकन के नाम पर ग्रामीणों को गुमराह किया जा रहा है. सीमांकन सुवर्णरेखा प्रोजेक्ट के लिए चिह्नित जमीन का करना है, तो अन्य जमीन को क्यों निशाने पर लिया जा रहा.
