इचाक, हजारीबाग: इचाक प्रखंड के सभी गांवों में सोमवार को हरितालिका तीज व्रत धूमधाम और हर्षोल्लास के साथ मनाया गया. इस अवसर पर गांवों के शिव मंदिरों में सुहागिन महिलाओं ने भगवान शिव को आराध्य मानकर दुल्हन की तरह सज-धज कर व्रत रखा. महिलाओं ने टोले-मोहल्ले में भी सामूहिक रूप से बैठकर पूजा-अर्चना की. ब्राह्मणों को बुलाकर विधि-विधान से भगवान शिव और माता पार्वती की आराधना की गयी.
मौके पर महिलाओं ने शिव-पार्वती के विवाह की कथा सुनी. मान्यता है कि भगवान शिव को पति के रूप में पाने के लिए माता पार्वती ने 64 वर्षों तक कठिन तपस्या की थी. इसके बाद भगवान शिव प्रसन्न हुए और पार्वती से विवाह किया. इसी मान्यता के तहत महिलाएं सुहाग की सलामती के लिए 24 घंटे का निर्जला उपवास रखकर भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा करती हैं.
तीज के मौके पर रातभर पूजा स्थल पर महिलाओं ने भजन-कीर्तन कर भगवान का गुणगान किया.
