संत कोलंबा महाविद्यालय में स्लोगन लेखन प्रतियोगिता

प्रतियोगिता में अर्थशास्त्र एवं रसायन विभाग के विद्यार्थी शामिल हुए

: विद्यार्थियों को एनएसएसओ के कार्य से अवगत कराया हजारीबाग. संत कोलंबा महाविद्यालय में स्लोगन (नारा) लेखन प्रतियोगिता का आयोजन कॉलेज के ही अर्थशास्त्र विभाग के साथ मिल कर मंगलवार को किया गया. प्रतियोगिता में अर्थशास्त्र एवं रसायन विभाग के विद्यार्थी शामिल हुए्. कार्यक्रम का शुभारंभ प्राचार्य डॉ विमल रेवन, अर्थशास्त्र विभाग के अध्यक्ष डॉ मुकेश कुमार, दर्शनशास्त्र के विभागाध्यक्ष डॉ राज कुमार चौबे, अर्थशास्त्र के सहायक प्राध्यापक डॉ देवानंद कुमार, एनएसएसओ के प्रभारी सूरज कुमार एवं वरिष्ठ सांख्यिकीय अधिकारी जयदेव कुमार ने संयुक्त रूप से किया. एनएसएसओ के वरिष्ठ सांख्यिकीय अधिकारी सूरज कुमार ने अतिथियों का स्वागत किया. प्राचार्य डॉ विमल रेवन ने विद्यार्थियों को एनएसएसओ के बारे में विस्तार से बताया. कहा कि हमारे देश में विभिन्न योजनाओं के निर्माण के लिए एक विश्वसनीय डेटा की आवश्यकता होती है. यह विश्वसनीय डेटा मुख्य रूप से एनएसएसओ द्वारा वर्ष 1950 से संग्रहित किया जाता रहा है. उन्होंने नेशनल सैंपल सर्वे के 75 वर्ष पूरे होने पर विभाग के सभी लोगों को बधाई दी. उन्होंने पांचवें सेमेस्टर के विद्यार्थियों को प्रोजेक्ट के रूप में विभिन्न प्रकार के सर्वेक्षण के लिए प्रेरित किया. जयदेव कुमार ने कहा कि नारा लेखन प्रतियोगिता का उद्देश्य विद्यार्थियों को एनएसएसओ के कार्य से अवगत कराना है. नारा लेखन प्रतियोगिता में सफल विद्यार्थियों को पुरस्कृत किये जाने की बात कही. अर्थशास्त्र विभागाध्यक्ष डॉ मुकेश कुमार ने बताया कि एनएसएसओ में चयनित विद्यार्थी अर्थशास्त्र विभाग के ही होते हैं. उनका चयन केंद्रीय सीजीएल के माध्यम से कनिष्ठ सांख्यिकीय अधिकारी के पद पर होता है. कार्यक्रम को सफल बनाने में कनिष्ठ सांख्यिकीय अधिकारी आशीष कन्धवे, सतीश गुप्ता, सुधीर कुमार, सर्वेक्षण प्रगणक राहुल रंजन, हरेंद्र कुमार एवं एमटीएस श्रीकांत ख़ां की महत्वपूर्ण भूमिका रही.

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Author: SALLAHUDDIN

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