विष्णुगढ़. प्रखंड के पिरिंजियाटांड़ जंगल में पर्यावरण वन रक्षा समिति बनासो एवं चानो द्वारा 17वीं वर्षगांठ मनायी गयी. कार्यक्रम का शुभारंभ वन रक्षा बंधन और पारंपरिक पूजा-अर्चना के साथ किया गया. मुख्य अतिथि सुरेंद्र प्रसाद सिंह, विशिष्ट अतिथि चंद्रनाथ भाई पटेल, माटी चित्रकार महावीर सामी और संजय शाह थे. वन महोत्सव के अवसर पर सांस्कृतिक प्रतियोगिता हुई. जिसमें विभिन्न विद्यालयों और ग्रामीण बच्चों ने संथाली, नागपुरी नृत्य, लोक नृत्य और नाटक प्रस्तुत कर लोगों को मंत्रमुग्ध कर दिया. लोगों ने तालियां बजाकर बच्चों का उत्साहवर्धन किया. मुख्य अतिथि ने कार्यकारी अध्यक्ष सुरेश राम को अपनी लिखी पुस्तक भेंट की. वनों की कटाई तथा पर्यावरणीय क्षरण पर चिंता व्यक्त करते हुए पौधरोपण और प्राकृतिक वनों की रक्षा पर जोर दिया. वहीं विशिष्ट अतिथि ने कहा कि वन विभाग द्वारा लगाये गये पेड़ों से ग्रामीण उपयोग नहीं कर पाते, जबकि प्राकृतिक वनों से पत्तल, जूंठ, ढेकी, धारण, हल आदि ग्रामीण जीवन का आधार बनते हैं. इस अवसर पर खोरठा कलाकार बबन सिंह, जग्गू, चंद्रिका कुमार, प्रवेश सिंह और थानेश्वर महतो ने पर्यावरण पर आधारित गीत प्रस्तुत कर कार्यक्रम को यादगार बना दिया. प्रतियोगिता में एम्बिशन पब्लिक स्कूल, सनराइज पब्लिक स्कूल, बाल विद्या निकेतन विद्यालय के छात्रों ने नुक्कड़ नाटक प्रस्तुत किया. निर्णायक मंडल में प्रमोद कुमार (डांस टीचर) और पुष्पा (संथाली टीचर) शामिल थे. सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन के लिए सनराइज पब्लिक स्कूल को प्रथम तथा एम्बिशन पब्लिक स्कूल को द्वितीय पुरस्कार दिया गया. रीमा मरांडी ग्रुप और रीता बेसरा को सांत्वना पुरस्कार दिया गया. ड्रेजियो बोर्डिंग स्कूल, हजारीबाग के सतीश राज ने हिंदी और अंग्रेज़ी दोनों भाषाओं में पर्यावरण शपथ दिलायी. समाजसेवी मंजू देवी ने 250 पौधे वितरित किये. कार्यक्रम की अध्यक्षता समिति के अध्यक्ष महादेव मुर्मू ने की. संचालन कार्यकारी अध्यक्ष सुरेश राम ने किया. इस अवसर पर बड़ी संख्या में ग्रामीण, जनप्रतिनिधि, छात्र-छात्राएं, शिक्षक और पर्यावरण प्रेमी उपस्थित थे.
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