चरही व बिनकरवा में डॉ आंबेडकर की जयंती मनायी गयी

नीरज बेसरा ने कहा कि डॉ आंबेडकर द्वारा निर्मित भारतीय संविधान को विश्व भर में एक अद्वितीय स्थान प्राप्त है.

चरही. डॉ भीमराव आंबेडकर की 135वीं जयंती चरही व चीचीकला के बिनकरवा में मनायी गयी. उनकी आदमकद प्रतिमा पर जेएमयूके फील्ड को-ऑर्डिनेटर नरेश बास्के और विकास टुडू ने माल्यार्पण कर श्रद्धासुमन अर्पित किया. नीरज बेसरा ने कहा कि डॉ आंबेडकर द्वारा निर्मित भारतीय संविधान को विश्व भर में एक अद्वितीय स्थान प्राप्त है. महालाल हंसदा ने कहा कि डॉ आंबेडकर समय-समय पर शोषितों व वंचितों की आवाज उठाते रहे. दिनेश्वर रविदास ने कहा कि डॉ आंबेडकर का जीवन समाज सुधार, न्याय और समानता के प्रति योगदान को दर्शाता है. मौके पर महादेव सोरेन, दिनेश्वर रविंदास, वीरेंद्र पासवान, महालाल हेंब्रोम, प्रेमा कुमारी, संगीता हेब्रोम, साबिया बास्के, अंजली किस्कू, मीना सोरेन, पार्वती मुर्मू, अगुस्तिना मुर्मू, सुनीता टुडू, सेवामति मुर्मू, चूड़की मुर्मू सहित अन्य मौजूद थे.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By SALLAHUDDIN

SALLAHUDDIN is a contributor at Prabhat Khabar.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >