हजारीबाग: दिगंबर जैन समाज हजारीबाग की ओर से प्रतिवर्ष की तरह इस वर्ष भी दस दिवसीय दशलक्षण धर्म महापर्व का आयोजन किया जायेगा. महापर्व 16 से 25 सितंबर तक चलेगा. मीडिया प्रभारी विजय जैन लुहाड़िया ने बताया कि पर्युषण महापर्व जैन धर्म में आत्मशुद्धि और आत्मचिंतन का पर्व है. इस दौरान श्रद्धालु संयम, त्याग, तप, पूजा-पाठ, स्वाध्याय एवं धर्म आराधना के माध्यम से अपने जीवन को आध्यात्मिक रूप से समृद्ध करेंगे.
महाराष्ट्र से पधारे विद्वान प्रशांत अन्नाडे भैया जी के सान्निध्य में प्रतिदिन दस धर्मों पर विशेष धार्मिक चर्चा एवं प्रवचन होगा. दस दिनों में क्रमशः उत्तम क्षमा, उत्तम मार्दव, उत्तम आर्जव, उत्तम शौच, उत्तम सत्य, उत्तम संयम, उत्तम तप, उत्तम त्याग, उत्तम आकिंचन्य एवं उत्तम ब्रह्मचर्य धर्म की महत्ता पर विस्तार से प्रकाश डाला जायेगा.
विजय जैन ने कहा कि पर्युषण महापर्व रत्नों के सागर के समान है.
