प्रतिनिधि, घाघरा
घाघरा प्रखंड अंतर्गत नव प्राथमिक विद्यालय चट्टी के पिछले तीन माह से बंद रहने का आरोप लगाते हुए ग्रामीणों ने शुक्रवार को विद्यालय परिसर के समीप बैठक की. ग्रामीणों ने कहा कि विद्यालय बंद रहने से बच्चों की पढ़ाई पूरी तरह प्रभावित हो गयी है और छोटे-छोटे बच्चे दिनभर गांव में इधर-उधर घूमने को मजबूर हैं. ग्रामीणों ने बताया कि विद्यालय भवन जर्जर होकर खंडहर की स्थिति में पहुंच चुका है. वर्तमान में विद्यालय में केवल एक सहायक शिक्षक पदस्थापित हैं, जो नियमित रूप से विद्यालय नहीं आते. वहीं दूसरे शिक्षक का पूर्व में निधन हो जाने के बाद से विद्यालय का संचालन लगभग ठप हो गया है. ग्रामीणों का कहना है कि शिक्षा व्यवस्था की अनदेखी से बच्चों का भविष्य अंधकारमय होता जा रहा है.
बैठक में ग्रामीणों ने विद्यालय में कम से कम तीन योग्य शिक्षकों की प्रतिनियुक्ति करने तथा नियमित रूप से पठन-पाठन शुरू कराने की मांग की. पंचायत समिति सदस्य सरवन उरांव ने कहा कि विद्यालय तीन माह से बंद रहने के कारण बच्चों का शैक्षणिक नुकसान हो रहा है. उन्होंने बताया कि इस संबंध में उपायुक्त गुमला को आवेदन देकर पूरे मामले की जानकारी दी जायेगी तथा शिक्षकों की शीघ्र नियुक्ति की मांग की जायेगी. बैठक में बुद्धू पहान, सुरेश उरांव, अमन उरांव, सामु उरांव, हरि पहान, सुकरु उरांव, रेशमा उरांव, सुचिता देवी, सुषमा देवी, रौशनी उरांव सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे.
