ममता वाहन चालकों का भुगतान लंबित, परेशानी

चालकों ने कहा, भुगतान नहीं होता है, तो हम आंदोलन के लिए बाध्य होंगे

गुमला

. सदर अस्पताल गुमला के ममता वाहन चालकों का भुगतान बीते 10 माह से नहीं हुआ है, जिससे ममता वाहन चालकों की स्थिति दयनीय हो गयी है. ममता वाहन के चालकों का भुगतान नहीं होने से उनके समक्ष भुखमरी की स्थिति आन पड़ी है. उनके घरेलू खर्च समेत बाल-बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है. ममता वाहन चालकों ��े बताया कि जिस पेट्रोल पंप से वे पेट्रोल व डीजल लेते हैं, उनका भी भुगतान लंबित है, जिससे वे भी तेल देने से आना-कानी कर रहे है. इस कारण और भी अधिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है. उन्होंने बताया कि अगर दो-तीन माह में भुगतान होता, तो हमें परेशानियों का सामना नहीं करना पड़ता. भुगतान नहीं होने से कोई भी महाजन हमें राशन से लेकर पेट्रोल व स्कूल प्रबंधन फीस जमा करने के लिए दबाव बना रहा है. लेकिन हमारा भुगतान नहीं होने से हम सभी घरेलू समेत अन्य लोगों को पैसा देने में असमर्थ है. उन्होंने बताया कि सभी ममता वाहनों का 10 से 12 महीनों का बिल सदर अस्पताल में जमा है. बार-बार पूछने पर यही कहा जा रहा है कि फंड में पैसा नहीं है. इस कारण बिल लंबित है. ममता वाहन चालकों ने कहा कि अगर हमारा भुगतान नहीं होगा, तो हम आंदोलन के लिए बाध्य होंगे. ज्ञात हो कि सदर अस्पताल गुमला में कुल 23 ममता वाहन चालक हैं, जो प्रतिदिन अपने क्षेत्र से संस्थागत प्रसव के लिए गर्भवती महिलाओं को सदर अस्पताल पहुंचाते है. संस्थागत प्रसव होने के बाद उन्हें वे दोबारा घर तक पहुंचाते है, जिन्हें 13 किमी पर मात्र 130 रुपये मिलते हैं. वहीं प्रसव के बाद पहुंचाने पर उन्हें 500 रुपये का भुगतान होता है. लेकिन यह भुगतान भी लंबित रहेगा, तो हम अपने घर परिवार समेत अपनी सेवा कैसे दे पायेंगे. इस संबंध में डीएस डॉ अनुपम किशोर ने कहा कि फंड की कमी से कुछ भुगतान लंबित है. हमने स्वास्थ्य विभाग रांची से फंड मुहैया कराने की मांग की है. जैसे फंड उपलब्ध होगा, हम सभी का भुगतान करेंगे.

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