गुमला में लगा विधिक जागरूकता शिविर, ग्रामीणों को बताये न्याय और कानूनी मदद के अधिकार

गुमला के पालकोट में डालसा द्वारा विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया, जिसमें ग्रामीणों को सरकारी योजनाओं और कानूनी अधिकारों की विस्तृत जानकारी दी गई.

गुमला. प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह डालसा अध्यक्ष अजीत कुमार सिंह के आदेश पर डालसा सचिव के नेतृत्व में नालसा की योजनाओं एवं विधिक सेवाओं को जन-जन तक पहुंचाने के उद्देश्य से चलाये जा रहे 60 दिवसीय मेगा जागरूकता कार्यक्रम के तहत पालकोट प्रखंड की बाघिमा पंचायत में विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया.

नालसा : जरूरतमंदों को विधिक सहायता के लिए सदैव तत्पर

कार्यक्रम की शुरुआत पंचायत की मुखिया जॉस्फिन टेटे के स्वागत भाषण से हुई. सचिव रामकुमार गुप्ता ने कहा कि जिला विधिक सेवा प्राधिकार जनता और प्रशासन के बीच एक महत्वपूर्ण कड़ी के रूप में कार्य करता है तथा जरूरतमंद लोगों को न्याय एवं विधिक सहायता उपलब्ध कराने के लिए सदैव तत्पर है. उन्होंने नालसा की विभिन्न योजनाओं एवं कार्यक्रमों की जानकारी देते हुए कहा कि लोगों का जागरूक होना ही उनके सशक्तीकरण की पहली सीढ़ी है.

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लोक अदालत के माध्यम से सुलह एवं समझौतें पर जोर

स्थायी लोक अदालत के सदस्य शंभू सिंह ने ग्रामीणों को स्थायी लोक अदालत की कार्यप्रणाली, वहां मामलों के निपटारे की प्रक्रिया तथा इससे मिलने वाले लाभों की जानकारी दी. उन्होंने कहा कि स्थायी लोक अदालत के माध्यम से विभिन्न प्रकार के मामलों का सुलह एवं समझौते के आधार पर सरल और सुलभ तरीके से समाधान कराया जा सकता है.

कार्यक्रम में ग्राम प्रधान, उप मुखिया अजय किंडो, डीएलएसए के प्रकाश पांडेय एवं मनीष, पंचायत सेवक, रोजगार सेवक, पीएलवी राजू साहू एवं बिना कुमारी सहित बड़ी संख्या में पंचायत के ग्रामीण उपस्थित रहे.

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By दुर्जय पासवान

दुर्जय पासवान ने वर्ष 2001 से पत्रकारिता की शुरुआत की. दैनिक जागरण में दो साल काम करने के बाद 2003 में वे प्रभात खबर से जुड़े. इसके साथ ही नयी दुनिया अखबार, प्रहार मैगजीन में भी अपनी सेवा दी. इसके बाद 2010 में वे दैनिक भास्कर गुमला का ब्यूरो इंचार्ज के रूप में काम शुरू किये. भास्कर में पांच साल सेवा देने के बाद दोबारा 2014 में प्रभात खबर में ब्यूरो इंचार्ज के रूप में वापसी की. तब से अबतक प्रभात खबर से जुड़े हुए हैं. उन्होंने नक्सलियों से जुड़ी खबरें, नक्सली घटनाएं, ग्राउंड रिपोर्ट, प्राचीन और ऐतिहासिक धरोहरों की खोज से संबंधित खबरों पर अच्छा काम किया. इन्हीं खबरों ने उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में पहचान दी. दुर्जय पासवान बहुत लगन से अपना सभी काम का पूरा करते हैं.

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