बसिया. सरना मैदान बसिया सोमवार को मांदर-नगाड़े की गूंज और करमा गीतों से सराबोर रहा. आदिवासी सरना सुरक्षा मंच के तत्वावधान में आयोजित करमा पूर्व संध्या में बसिया, कामडारा व पालकोट प्रखंड के 320 खोड़हा दलों ने सामूहिक नृत्य-गीत की मनमोहक प्रस्तुति देकर आदिवासी संस्कृति की जीवंत झलक पेश की. मुख्य अतिथि सिसई विधायक जिग्गा सुसारण होरो ने भी खोड़हा दलों के साथ मांदर की थाप पर करमा गीत गाया.
विधायक ने कहा कि करमा भाई-बहन के स्नेह, प्रकृति, प्रेम और एकता का पर्व है. अपनी धर्म-संस्कृति और परंपरा को बचाना समाज की जिम्मेदारी है. उन्होंने शिक्षा को समाज की तरक्की का आधार बताते हुए बच्चों को बेहतर शिक्षा देने की अपील की. समारोह में 320 खोड़हा दलों को नगाड़ा तथा 320 गांवों के पाहन-पुजार को सम्मानित किया गया. मौके पर अभिषेक लकड़ा, सुकरात उरांव, अलीम खान, विकास साहु, दुर्गा पाहन, जयंत दास, जसिंता बारला, अमित बघवार, एमलेन कुल्लू, रुक्मान खान, संतोष तिर्की, बसंती डुंगडुंग, सोनू पांडेय व मंगलेश्वर उरांव सहित सैकड़ों लोग मौजूद थे.
