झारखंड आंदोलनकारियों की सिसई में बैठक
मांगों को लेकर धारदार आंदोलन करने का निर्णय
गुमला : झारखंड आंदोलनकारी मोर्चा गुमला जिला कमेटी की बैठक शनिवार को सिसई प्रखंड मुख्यालय में हुई. इसकी अध्यक्षता महासचिव जोसेफ आभास मिंज ने की. बैठक में झारखंड आंदोलनकारियों की समस्याओं पर चर्चा की गयी. साथ ही आंदोलनकारियों की मांगों को लेकर आंदोलन चलाने का निर्णय लिया गया. जोसेफ आभास मिंज ने कहा कि झारखंड अलग राज्य गठन के बाद भाजपा, कांग्रेस व झामुमो जैसे राजनीतिक दल आंदोलनकारियों के साथ भेदभाव करते रहे हैं.
जिसका परिणाम है कि आंदोलन में शामिल होने के बाद भी सभी आंदोलनकारियों को पेंशन का लाभ नहीं मिल रहा है. उन्होंने कहा कि भेदभाव की राजनीति अब झारखंड में नहीं चलने दी जायेगी. अगर सरकार हमारी मांगों को नहीं मानेगी, तो सड़क पर उतर कर जोरदार आंदोलन करेंगे. उन्होंने बताया कि गुमला जिला में करीब 800 आंदोलनकारी हैं, जिसमें महज 50 से 55 आंदोलनकारी को ही पेंशन का लाभ सरकार द्वारा दिया जा रहा है.
इस कारण अन्य आंदोलनकारी सरकार के रवैये से आक्रोशित हैं. विधानसभा के प्रभारी मनोज वर्मा ने कहा कि अगर आंदोलनकारियों की मांग पूरी नहीं हुई, तो आंदोलन करेंगे, जिसकी सारी जवाबदेही सरकार की होगी. बैठक में सुनील साहू, महेश महली, सीता देवी, जय जगन्नाथ साहू, जीतवाहन साहू, विमल लकड़ा, किरण देवी, अजीत विश्वकर्मा, मंगरा उरांव, महेंद्र उरांव, छोटेलाल वकील सहित कई आंदोलनकारी उपस्थित थे.
