दुर्जय पासवान, गुमला
गुमला सदर थाना के एसआई सिल्ली निवासी अनिल सिंह मुंडा ने रविवार शाम पांच व छह बजे के बीच पुराना थाना के बैरक में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली. चार बजे तक अनिल ने ड्यूटी की. इसके बाद वह आराम करने अपने बैरक में गये. जहां पहले से दो पुलिस अधिकारी मौजूद थे. जब दोनों पुलिस अधिकारी बैरक से घूमने के लिए बाजार निकले. तब अनिल ने बैरक के छत पर फंदा लगाकर लटक कर अपनी जान दे दी.
तब छह बजे पुनः दोनों पुलिस अधिकारी बैरक पहुंचे तो अनिल को फंदे में लटका पाया. पुलिस जवान अनिल को फंदे से उतारकर तुरंत गुमला सदर अस्पताल ले गये. परंतु डॉक्टरों ने जांच के बाद अनिल को मृत घोषित कर दिया. अनिल किस कारण से फंदे में लटके, इसकी जानकारी किसी पुलिस अधिकारी को नहीं है.
शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद कुछ और पहलू से परदा उठ सकता है. गुमला डीएसपी नागेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि अनिल ने तीन माह पहले गुमला थाना में योगदान दिया था और वह प्रशिक्षण ले रहे थे. वह वर्ष 2018 के सीमित परीक्षा में पास होकर दरोगा बना था. दो साल पहले उनकी शादी भी हुई थी.
रविवार को चार बजे तक अनिल ड्यूटी करने के बाद बैरक गये तो बैरक में पहले से सनातन सिंह व एक अन्य पुलिस अधिकारी थे. ये दोनों जब बैरक से बाहर निकले तो अनिल ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली. हालांकि पुलिस आत्महत्या के हर पहलू पर जांच कर रही है. इधर, अनिल की मौत से उसके साथी सदमे में हैं.
