गुमला : सिमडेगा थाना के गोंदलीपानी गांव निवासी किसान बुधराम भगत (50 वर्ष) को दो अपराधियों ने शनिवार को दोपहर घर में घुस कर गोली मार दी. इलाज समय पर नहीं होने के कारण करीब साढ़े छह घंटे बाद उसने दम तोड़ दिया. परिजनों ने कर्ज लेकर भाड़े की गाड़ी ठीक किया और बुधराम को इलाज के लिए गुमला सदर अस्पताल ले गये.
गुमला में प्राथमिक उपचार के बाद रात करीब साढ़े आठ बजे रांची रेफर कर दिया गया. रांची ले जाने के क्रम में रास्ते में नगड़ी में बुधराम की मौत हो गयी. परिजनों ने कहा कि अगर सिमडेगा जानेवाली सड़क ठीक रहती, तो समय पर बुधराम को अस्पताल पहुंचा कर जान बचायी जा सकती थी. पत्नी राधा ने कहा कि सिमडेगा जाने के लिए रास्ता नहीं था, इसलिए वह घायल पति को गुमला अस्पताल में भर्ती करायी.
दो युवक आये और गोली मारकर भाग गये : मृतक की पत्नी राधा उरांव ने बताया कि दोपहर करीब 12 बजे बुधराम खेती कर घर लौटा था. इसके बाद खाना खाकर घर में सो गया. दोपहर करीब दो बजे दो नकाबपोश युवक आया. एक युवक घर में घुस गया और पति को गोली मारने के बाद भाग निकला.
गोली की आवाज सुन वह जगी और पति के पास गयी. उसने देखा कि घायल बुधराम तड़प रहे हैं. गाड़ी के लिए गांव की कमेटी से उसने 10 हजार रुपये कर्ज लेकर भाड़ा दिया. उसने कहा कि बुधराम की किसी से कोई दुश्मनी नहीं थी. ना ही डायन-बिसाही का मामला था. घटना के वक्त बच्चे घर के बाहर खेल रहे थे. उन्होंने बताया कि 10 वर्ष पूर्व मृतक के बड़े भाई सुशील भगत की हत्या भी माओवादियों ने कर दी थी.
