महागामा प्रखंड के महादेव बथान गांव में स्वास्थ्य विभाग की ओर से कालाजार खोज पखवाड़ा अभियान चलाया गया. इस अभियान के तहत ग्रामीणों को कालाजार बीमारी के लक्षण, बचाव और समय पर इलाज के महत्व के बारे में जानकारी दी गयी. साथ ही जिन लोगों को 15 दिन या उससे अधिक समय से लगातार बुखार की शिकायत थी, उनका रक्त नमूना लेकर जांच की गयी. अभियान में शामिल एमपीडब्ल्यू मुकेश कुमार, अब्दुल हक एवं एसआई बृजनयन कुंवर ने बताया कि कालाजार एक गंभीर बीमारी है, जिसका समय पर इलाज बेहद आवश्यक है. यह बीमारी बालू मक्खी (सैंड फ्लाई) के काटने से होती है. इसलिए लोगों को अपने घर और आसपास की साफ-सफाई बनाये रखने, दीवारों पर कीटनाशक दवा के छिड़काव और सोते समय मच्छरदानी के इस्तेमाल की सलाह दी गयी. उन्होंने बताया कि जिन लोगों के रक्त सैंपल में कालाजार की पुष्टि होगी, उन्हें तुरंत महागामा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भेजा जाएगा, जहां उनका निःशुल्क और समुचित इलाज सुनिश्चित किया जाएगा. टीम ने ग्रामीणों से अपील की कि वे लंबे समय तक चलने वाले बुखार, शरीर में कमजोरी या वजन कम होने जैसे लक्षणों को हल्के में न लें और शीघ्र स्वास्थ्य केंद्र जाकर जांच कराएं. समय पर जांच और इलाज से कालाजार जैसी घातक बीमारी से बचाव संभव है.
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