बसमत्ता पुल से करीब एक किमी दूरी पर लताकी और सौंतराबाद के बीच पड़ने वाली उसरी नदी पर करीब 200 फीट पत्थर का अवैध पुल बना दिया गया था. इसका खुलासा होने पर प्रशासन हरकत में आया और मंगलवार को जमुआ पुलिस ने अधिकारियों की उपस्थिति में जेसीबी से पुल को तोड़ दिया गया.
पत्थर ढुलाई के लिए बनाया था पुल
सूत्रों ने बताया कि पुल पत्थर की अवैध ढुलाई के लिए बनाया गया था. पुल इतना मजबूत था कि पत्थर लोड कर हाइवा आसानी से निकल जाता था. मालूम रहे कि नवडीहा ओपी क्षेत्र सहित देवरी प्रखंड के चतरो, जमुआ प्रखंड व बेंगाबाद में काफी संख्या में क्रशर हैं, लेकिन पत्थर नहीं रहने के कारण माफियाओं ने यहां अवैध रूप से पुल बना दिया और अवैध रूप से पत्थर खनन कर क्रशर में भेजने लगी. स्थानीय लोग व कई प्रतिनिधि भी पत्थर माफिया का विरोध नहीं कर पा रहे थे. साथ ही प्रशासन पूरी तरह इससे अनभिज्ञ बना हुआ था. अवैध खनन की सूचना मिलने के बाद प्रशासन हरकत में आया और तब उच्च अधिकारी ने इस पुल को तोड़ने का आदेश दे दिया. मौके पर जमुआ पुलिस व जमुआ के सीआई प्रशांत कुमार समेत अन्य मौजूद थे.
डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
