अधिकारी व टीम के सभी सदस्य दिन में लगभग साढ़े ग्यारह बजे स्थल पर पहुंच गए थे. टीम के द्वारा मापी का कार्य किया जाने लगा. बाद में अमीन ने अधिकारियों को जानकारी दी कि नक्शा नहीं होने के कारण मापी में परेशानी हो रही है. इसके अलावा चौहद्दी आदि में भी परेशानी हो रही है. बाद में टीम के सदस्यों ने जानकारी दी कि इसके बाद दूसरी तिथि तय कर के मकानों को तोड़ने का कार्य किया जायेगा. घरों को तोड़ने के लिए चार बुलडोजर भी मंगाए गये थे. सभी आदेश की प्रतीक्षा कर रहे थे. मापी का कार्य नहीं होने के कारण तोड़ने का कार्य शुरू नहीं किया जा सका.
लोग हटा रहे थे सामान
स्थल पर जिन लोगों का घर तोड़ा जाना था वे सभी कोर्ट के आदेश को देखते हुए अलसुबह से ही अपनी घरों से कीमती सामान आदि निकालकर दूसरे जगह ले जा रहे थे. हालांकि, घर नहीं टूटने के बाद कुछ समय के लिए लोगों ने राहत की सांस ली है. वहां रह रहे लोगों का कहना है कि वे दो दशक से यहां घर बनाकर रह रहे हैं. प्राप्त जानकारी के अनुसार गावां निवासी हरदेव सिंह राम ने उक्त जमीन को ले कोर्ट में अपील दायर की थी. लंबे समय कोर्ट में मामला चल रहा था. पक्ष में फैसला आने के बाद मकान को ध्वस्त करने के लिए टीम पहुंची थी.बने हुए हैं विशाल भवन
बिजली कार्यालय के सामने विवादित प्लाट पर कई विशाल भवन बने हुए हैं. इन भवनों में लंबे समय से लोग घर बनाकर रह रहे हैं. वहीं, इनमें व्यावसायिक प्रतिष्ठानों का भी संचालन किया जा रहा है. एक साथ यहां भवनों को तोड़ने का आदेश आते ही लोगों में हड़कंप मच गया. कार्रवाई को देखने के लिए सैकड़ों की संख्या में लोग स्थल पर जमा हो गये थे, वहीं कार्रवाई होने का इंतजार कर रहे थे. लगभग तीन घंटे तक चले हाई वोल्टेज ड्रामे के बाद वहां उपस्थित टीम के सदस्य व पुलिस कर्मी वहां से बेरंग लौट गये. मौके पर सीओ अभिषेक कुमार, थाना प्रभारी जयप्रकाश कुमार, मुखिया कन्हाई राम, गणेश यादव, मुन्ना सिंह समेत भारी मात्रा में पुलिस केजवान उपस्थित थे.
