Giridih News :मार्च के सात दिन शेष, कई प्रखंडों में 12 प्रतिशत भी नहीं हुआ अनाज वितरण

Giridih News :वैसे तो पीडीएस अनाज का वितरण में गिरिडीह जिला झारखंड में सबसे पीछे चल रहा है. लेकिन, यदि अनाज वितरण के आंकड़ा को जिला स्तर पर देखें तो और चौंकाने वाला तथ्य सामने आ रहे हैं. झारखंड में अनाज का औसत वितरण 24 मार्च तक 67.7 प्रतिशत है, जबकि गिरिडीह जिला का वितरण प्रतिशत 20.14 प्रतिशत है. जिले के कई प्रखंडों में वितरण की स्थिति बेहद खराब है. गिरिडीह नगर निगम क्षेत्र, जमुआ, बगोदर, धनवार, बिरनी, गिरिडीह मुफस्सिल क्षेत्र और पीरटांड़ प्रखंड में वितरण का प्रतिशत 12% से भी कम है. जिले में अब तक कुल आवंटित 112 लाख 84 हजार 5 किलो अनाज में से मात्र 22 लाख 72 हजार 721 किलो अनाज का ही वितरण हो पाया है.

पीडीएस. हर माह गिरिडीह जिले में खाद्य सुरक्षा अधिनियम का उल्लंघन कर दिया जा रहा है अवधि विस्तार

वैसे तो पीडीएस अनाज का वितरण में गिरिडीह जिला झारखंड में सबसे पीछे चल रहा है. लेकिन, यदि अनाज वितरण के आंकड़ा को जिला स्तर पर देखें तो और चौंकाने वाला तथ्य सामने आ रहे हैं. झारखंड में अनाज का औसत वितरण 24 मार्च तक 67.7 प्रतिशत है, जबकि गिरिडीह जिला का वितरण प्रतिशत 20.14 प्रतिशत है. जिले के कई प्रखंडों में वितरण की स्थिति बेहद खराब है. गिरिडीह नगर निगम क्षेत्र, जमुआ, बगोदर, धनवार, बिरनी, गिरिडीह मुफस्सिल क्षेत्र और पीरटांड़ प्रखंड में वितरण का प्रतिशत 12% से भी कम है. जिले में अब तक कुल आवंटित 112 लाख 84 हजार 5 किलो अनाज में से मात्र 22 लाख 72 हजार 721 किलो अनाज का ही वितरण हो पाया है. गौरतलब बात तो यह है कि मार्च माह पूरे होने में अब मात्र सात दिन बाकी है. लेकिन वितरण में कोई तेजी नहीं देखी जा रही है. खाद्य आपूर्ति विभाग भी चुप्पी साधे हुए है. आश्चर्य की बात तो यह है कि आपूर्ति विभाग के अधिकारियों के साथ-साथ खाद्यान्न वितरण में लगी एजेंसियों को खाद्य सुरक्षा अधिनियम के उल्लंघन को लेकर कोई भय नहीं है. यही कारण है कि वितरण में खुलेआम मनमानी की जा रही है. अधिनियम के तहत जहां एफसीआई से एक माह पूर्व खाद्यान्न का उठाव पूरा कर लेना है. वहीं पीडीएस दुकानदारों को हर कार्डधारियों को हर माह का अनाज उसी माह में देना सुनिश्चित करना होगा. लेकिन, ऐसा हो नहीं पा रहा है. वहीं विभाग के अधिकारी भी अधिनियम का उल्लंघन करते हुए पिछले कई माह से गिरिडीह जिले में 10 या 15 दिनों का अवधि विस्तार दे रहे हैं.

होली में नहीं मिला अनाज, ईद में भी मायूसी

गौरतलब बात तो यह है कि हिंदुओं का महत्वपूर्ण पर्व होली में भी अधिकांश कार्डधारियों को अनाज नहीं मिल पाया. होली के दिन तक गिरिडीह जिले का अनाज वितरण प्रतिशत 10% से भी कम रहा है. अनाज लेने के लिए लाभुक पीडीएस के दुकानों पर चक्कर काटते रहे, लेकिन उन्हें बताया गया कि मार्च माह का अनाज उन्हें मिला ही नहीं है. यही स्थिति मुस्लिम समुदाय के पर्व में भी देखी जा रही है. ईद 31 मार्च को है और अब तक कई पीडीएस दुकानों में अनाज पहुंचा भी नहीं है जिसके कारण लाभुकों में मायूसी छायी हुई है.

जहां डीएसडी नहीं, वहां का वितरण बेहतर

गौरतलब बात तो यह है कि अवधि विस्तार लेकर अनाज टपाने के उद्देश्य से परिवहन के संवेदक पिछले कई महीनों से मनमानी कर रहे हैं. डबल फिंगर लेकर गरीबों का एक माह का अनाज नहीं देने की शिकायतें लगभग सभी प्रखंडों से मिल रही है. सूत्रों का कहना है कि साल के 12 महीनों में से तीन महीने का अनाज कालाबाजारी करने वाले सिंडिकेट टपाने में सफल हो जा रहे हैं. जिले के तिसरी प्रखंड को छोड़कर सभी प्रखंडों में डोर स्टेप डिलेवरी के माध्यम से अनाज का वितरण किया जाता है. लेकिन, तिसरी प्रखंड में विभागीय स्तर से अनाज वितरण की व्यवस्था की गयी है. तिसरी प्रखंड के संबंधित पीडीएस डीलर सीधे गोदाम से उठाव कर रहे हैं. यही कारण है कि 24 मार्च तक तिसरी में 83.02% अनाज का वितरण हो चुका है. इस सच्चाई के सामने आने के बाद कई संगठनों ने डीएसडी व्यवस्था समाप्त करने की मांग भी की है.

गिरिडीह जिले के प्रखंडों में वितरण की स्थिति

प्रखंड का नाम – अनाज आवंटन – अनाज वितरण – प्रतिशतता

बगोदर – 722695 – 61474 – 8.28बेंगाबाद – 738400 – 182392 – 24.7

बिरनी – 816200 – 90794 – 11.12देवरी – 896775 – 475611 – 53.04

धनवार – 1270755 – 140301 – 11.04डुमरी – 1051560 – 109225 – 10.39

गांडेय – 778555 – 169196 – 21.73गावां – 542640 – 201539 – 37.14

गिरिडीह मुफ्फसिल- 1112395 – 125694 – 11.3जमुआ – 1267415 – 86225 – 6.8

पीरटांड़ – 542850 – 64298 – 11.84सरिया – 725955 – 165041 – 22.73

तिसरी – 465015 – 386060 – 83.02गिरिडीह ननि – 332795 – 14869 – 4.47

कुल – 111284005 – 2272721 – 20.14

मंत्री सुदिव्य सोनू के क्षेत्र में वितरण सबसे खराब

आश्चर्य की बात तो यह है कि सरकार के तेजतर्रार मंत्री के इलाके में भी पीडीएस अनाज के वितरण को लेकर इससे जुड़े लोगों में कोई भय नहीं है. झारखंड के पर्यटन मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू के क्षेत्र में अनाज वितरण सबसे खराब है. गिरिडीह नगर निगम क्षेत्र में मार्च माह का अनाज अब तक मात्र 4.47 % ही हुआ है. जबकि, मुफस्सिल क्षेत्र में 11.30% और पीरटांड़ प्रखंड में मात्र 11.84% है.

हर माह का अनाज उसी माह में मिले : अन्नपूर्णा

केंद्रीय मंत्री अन्नपूर्णा देवी ने कहा कि अनाज वितरण की व्यवस्था गिरिडीह जिले में फेल हो चुकी है. सरकार जानते हुए भी कुछ नहीं कर रही है. फलस्वरूप अधिकारियों का मनोबल बढ़ा हुआ है और खुलेआम लोग मनमानी कर रहे हैं. कहा कि खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत जिला प्रशासन अनाज वितरण की व्यवस्था करे. अन्यथा पूरे मामले की जांच करायी जायेगी.कहा कि दिशा की बैठक में भी उन्होंने डीसी से कहा था कि अब हर माह का अनाज उसी माह के अंदर लाभुकों को मिले, यह सुनिश्चित करें. साथ ही जितना अनाज गबन किये जाने की बात सामने आयी है, उसपर प्राथमिकी दर्ज करायें.

विधानसभा में उठायेंगे मामला : जयराम

डुमरी के विधायक जयराम महतो ने कहा कि गरीबों के अनाज के वितरण में भी घोटाले की बात सामने आ रही है. यह काफी आश्चर्यजनक बात है. कहा कि जिस जिले से मुख्यमंत्री की पत्नी और मंत्री जीतकर विधानसभा में गये हैं, उस जिले की खाद्य आपूर्ति विभाग की ऐसी हालत देखकर यह स्पष्ट है कि कहीं ना कहीं अधिकारियों व माफियाओं को सरकार का संरक्षण मिल रहा है. श्री महतो ने कहा कि जिला प्रशासन गरीबों का अनाज गबन करने वालों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई करे. उन्होंने कहा कि अनाज वितरण की मनमानी के मामले को वे विधानसभा में उठायेंगे.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: PRADEEP KUMAR

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >