खेत की जुताई कर रहे जीतकुंडी वृद्ध किसान प्रसादी साव ने बताया कि रोहिणी नक्षत्र में जमीन की गहरी जुताई से मिट्टी की उर्वरता बढ़ाती है. खेत में उग आये घास-फूस खत्म और हानिकारक कीट होते हैं. इसको देखते हुए किसान ट्रैक्टरों और बैलों की मदद से खेतों को समतल करने और ढेला फोड़ने का काम कर रहे हैं.
पहली ही बारिश से शुरू होगी बीज की बुआई
कहा कि समय रहते जमीन को कृषि लायक बनाकर रखने से पहली ही बारिश में खरीफ फसल की बुआई की जा सकेगी. बिरनी के किसान एक बार फिर नयी उम्मीदों के साथ कृषि कार्य में जुटे हुए हैं. लोगों को उम्मीद है कि उमस भरी गर्मी से बारिश अच्छी होने की उम्मीद है. बारिश अच्छी हुई तो पैदावार भी अच्छी होगी.
