मेरे भइया, मेरे चंदा, मेरे अनमोल रतन..

गिरिडीह : भाई-बहन के प्यार का त्योहार ‘रक्षा बंधन’ शनिवार को जिले भर में धूमधाम से मनाया गया.राखी के गीतों से माहौल गुलजार रहा. बहनों ने भाइयों की कलाई पर राखी बांध कर जहां सलामती की दुआ मांगी, वहीं भाइयों ने अपनी बहन की रक्षा का संकल्प लिया. इस दौरान भाइयों ने अपनी बहनों को […]

गिरिडीह : भाई-बहन के प्यार का त्योहार ‘रक्षा बंधन’ शनिवार को जिले भर में धूमधाम से मनाया गया.राखी के गीतों से माहौल गुलजार रहा. बहनों ने भाइयों की कलाई पर राखी बांध कर जहां सलामती की दुआ मांगी, वहीं भाइयों ने अपनी बहन की रक्षा का संकल्प लिया.
इस दौरान भाइयों ने अपनी बहनों को उपहार भी दिये. हालांकि शनिवार को दोपहर 1. 50 बजे तक भद्रा रहने के कारण इस बार बहनों को भाइयों की कलाई पर स्नेह की डोर बांधने के लिए थोड़ा इंतजार करना पड़ा. दोपहर 1.54 के बाद से देर शाम तक राखी बंधवाने का दौर चला. शहर के कई स्कूलों के हॉस्टलों में भी रक्षा बंधन उत्सव मनाया गया. इधर तिसरी व देवरी में भी रक्षाबंधन की धूम रही.
सुबह से ही रक्षाबंधन को लेकर युवतियों, बच्चियों व महिलाओं में खास उत्साह देखा गया. नहा-धोकर जहां लड़कियां पूजा की थाल सजाने में व्यस्त दिखी, वहीं लड़के उपहार खरीदने में मशगूल दिखे. रक्षाबंधन को लेकर कई लोगों ने ब्राह्मणों से भी रक्षासूत्र बंधवाया.

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