डुमरी : निमियाघाट थाना क्षेत्र के इसरी बाजार में मंगलवार की रात हथियारबंद नकाबपोश डकैतों ने गल्ला व्यवसायी सुधीर कुमार माथुर के घर पर धावा बोलकर लगभग एक लाख रुपये मूल्य के जेवरात व 40 हजार रुपये नकद लूट लिये. इस दौरान डकैतों ने गृह स्वामी को कब्जे में लेकर मारपीट भी की. गृह स्वामी ने बताया कि डकैतों की संख्या लगभग 10 से 12 थी और सभी की उम्र लगभग 20 से 35 वर्ष के बीच थी. सभी डकैत हिंदी में एक-दूसरे से बातचीत कर रहे थे. कुछ डकैत अपना मुंह ढके हुए थे और कुछ का मुंह खुला था.
घटना की सूचना आसपास के लोगों ने सुबह निमियाघाट पुलिस को दी. सूचना के लगभग एक घंटे बाद निमियाघाट थाना प्रभारी शशि रंजन प्रसाद पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और घर वालों से घटना की जानकारी ली. कुछ देर बाद डीएसपी पीके मिश्रा व पुलिस निरीक्षक वीरेंद्र राम भी वहां पहुंचे और घर वालों से घटना और लूटे गये सामान व नगदी की विस्तृत जानकारी ली. घटना के समय व्यवसायी दंपती घर पर अकेले ही थे.
दंपती को कब्जे में लेकर की गयी लूटपाट : घटना के संबंध में बताया जाता है कि हथियारबंद डकैत घर के पीछे से चढ़कर ऊपरी तल्ले में लगे गेट का ताला तोड़कर घर में प्रवेश कर गये. उस समय गल्ला व्यवसायी सुधीर कुमार माथुर व उनकी पत्नी बबीता देवी एक कमरे में सो रहे थे. जब उन लोगों की नींद खुली तो देखा कि उसके सामने चार की संख्या में नकाबपोश लोग हाथों में पिस्टल और अन्य हथियार लिये खड़े थे. अन्य डकैत इधर-उधर खड़े थे. डकैतों ने व्यवसायी दंपती को अपने कब्जे में लेकर घर में रखे एक तिजोरी व अलमीरा को खुलवाया और उसमें रखे जेवरात और नगदी ले लिये.
इसके बाद डकैतों ने व्यवसायी दंपती का हाथ-पैर बांध दिया और घर के अन्य कमरों और गल्ला दुकान में रखे नकदी व अन्य सामान की खोज की. डकैतों ने इस दौरान घर के नीचे संचालित मां वैष्णो भंडार दुकान के गल्ले में रखे खुदरा पैसा को भी नहीं छोड़ा. श्री माथुर ने बताया कि डकैत करीब डेढ़ घंटे तक आराम से लूटपाट करते रहे. इसके बाद घर के पीछे से निकल गये. जाते समय डकैतों ने व्यवसायी दंपती को खोल दिया. बताया जाता है कि इस घटना से व्यवसायी दंपत्ति इतने भयभीत थे कि डकैतों के जाने के बाद भी उन्होंने इसकी सूचना न तो पड़ोसियों को और न ही पुलिस को देने का साहस जुटा पाये.
सूचना पर बुधवार सुबह जब पुलिस मौके पर पहुंची तो पाया कि घर के पीछे छत से एक सीढ़ी लगी हुई थी़ और छत से सीढ़ी तक पहुंचने के छड़ में कपड़ा बांधा हुआ था. आशंका जातायी जा रही है कि डकैतों ने ऊपर चढ़ने व भागने के समय इसी चीढ़ी का उपयोग किया होगा.
जल्द पुलिस गिरफ्त में होंगे अपराधी : इस संबंध में डीएसपी श्री मिश्रा ने बताया कि लगभग एक लाख रुपये मूल्य के जेवरात व 40 हजार रुपये नकदी की लूट हुई है. अपराधियों के गिरोह की लगभग पहचान हो चुकी है. बहुत जल्द ही अपराधी पुलिस की गिरफ्त में होंगे़
आत्मनिर्भर बनें महिलाएं, आयेगी खुशहाली
महिलाओं को स्वावलंबी बनाने को लेकर आरसेटी कृत संकल्पित है. आरसेटी द्वारा विभिन्न ट्रेड में युवक-युवतियों को प्रशिक्षण दिया जा रहा है. बुधवार को 30 दिवसीय सिलाई-कढ़ाई प्रशिक्षण का समापन हुआ.
गिरिडीह. बैंक ऑफ इंडिया के कौशल विकास प्रशिक्षण संस्थान आरसेटी में बुधवार को 30 दिवसीय सिलाई-कढ़ाई प्रशिक्षण का समापन हो गया. बतौर मुख्य अतिथि प्रधान जिला जज राजेश कुमार वैश्य ने परिवार की खुशहाली के लिए महिलाओं को स्वावलंबी बनने की सलाह दी. प्रधान जिला जज ने कहा कि महिलाएं अपने आपको बेसहारा न समझें. बैंक ऑफ इंडिया उन्हें ऋण देकर स्वरोजगार उपलब्ध करायेगा. उन्होंने आरसेटी द्वारा संचालित प्रशिक्षण को महिला स्वावलंबन की दिशा में एक बेहतर कदम बताया.
पीएमइजीपी में प्रगति के अवसर : डीसी मनोज कुमार ने कहा कि कौशल विकास के क्षेत्र में छह सौ युवक-युवतियों को विभिन्न ट्रेड में प्रशिक्षण दिया गया है. बैंक ऑफ इंडिया का आरसेटी बेहतर प्रशिक्षण उपलब्ध करा रहा है. डीसी ने महिलाओं से अपना नजरिया बदलने की अपील की और बैंक से ऋण प्राप्त कर आत्मनिर्भर बनने को कहा. ऋण लेने को इच्छुक प्रशिक्षुओं से पीएमइजीपी में आवेदन करने को कहा. उन्हें ऋण उपलब्ध कराया जायेगा. डीसी ने कहा कि जिला मुख्यालय में शीघ्र ही सशक्तीकरण शिविर लगाया जायेगा और महिलाओं को स्वावलंबी बनाया जायेगा.
उन्हें मुद्रा योजना का ऋण भी उपलब्ध करायेगा. कार्यक्रम का संचालन आरसेटी के निदेशक एमके सिन्हा ने किया. मौके पर प्रथम जिला जज रामबाबू गुप्ता, विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव मनोरंजन कुमार, एलडीएम राकेश सिंह, बैंक अधिकारी रवींद्र कुमार सिंह, आरसेटी के बीएम झा व वाहिद अली भी मौजूद थे. इस दौरान दहेज उत्पीड़न से त्रस्त शाजदा खातून को सिलाई मशीन भी उपलब्ध करायी गयी. इसके साथ ही सभी प्रशिक्षुओं को प्रमाण पत्र दिया गया.
