भवनाथपुर : प्रखण्ड के कैलान गांव में समय पर समुचित इलाज नहीं मिलने के कारण एक ही परिवार के दो बच्चियों की मौत हो गयी़ आर्थिक तंगी झेल रहे परिवार के लोगों का अपने दोनों बेटियों को खोने के गम में रो रोकर बुरा हाल है. जानकारी के अनुसार कैलान गांव के अमवाटोली निवासी बीरन भुइयां की आठ वर्षीय पुत्री मोनी कुमारी व सात वर्षीय पुत्री सोनी कुमारी पिछले चार पांच दिनों से बुखार से ग्रसित थी.
आर्थिक तंगी झेल रहे बीरन भुइयां ने गांव के ही किसी व्यक्ति के पास 10 हजार में जमीन गिरवी रखकर शनिवार को इलाज के लिए जा ही रहा था कि उसकी छोटी बेटी सोनी कुमारी ने टाउनशिप रेलवे साइडिंग पहुंचते ही दम तोड़ दिया. जबकि मोनी कुमारी को नगरऊंटारी के चिकित्सक परिजनों को झोलाछाप चिकित्सक से इलाज कराने पर डांटा व मरीज की नाजुक स्थिति देख रेफर कर दिया. लेकिन मोनी ने भी गढ़वा जाने के क्रम में दम तोड़ दिया. एक ही दिन में एक ही परिवार के दो दो बेटियों के शव को देख पूरे गांव में शोक व्याप्त है.
वहीं मृतका के माता पिता का रोरोकर बुरा हाल है. नाम नही छापने के शर्त पर कुछ ग्रामीणों ने बताया कि बीरन भुइयां ने गांव के ही झोलाछाप डॉक्टर सुरेश साह से दोनों बेटियों का इलाज कराया था. मरीज की स्थिति गंभीर होने पर झोलाछाप डॉक्टर ने शनिवार को बाहर भेज दिया. लेकिन मृतक के परिजन झोला छाप चिकित्सक से अपनी बेटियों के इलाज कराने की बात से इनकार करते हुए कहा सुरेश के पास गये थे. लेकिन इलाज नहीं कराये हैं.
