डुमरिया/पोटका.
पूर्वी सिंहभूम जिले के डुमरिया और पोटका प्रखंड क्षेत्र में गुरुवार शाम आंधी-बारिश के साथ हुए वज्रपात ने भारी तबाही मचायी. इस आपदा से दो अलग-अलग गांवों में एक युवक और एक विवाहिता की मौत हो गयी, जबकि एक ही परिवार के तीन सदस्य गंभीर रूप से झुलस गये. वज्रपात की चपेट में आने से छह मवेशियों की भी जान चली गयी, जिससे गरीब किसानों को भारी आर्थिक क्षति पहुंची है.डुमरिया: परिवार के साथ बैठे धुनू की वज्रपात से गयी जान, मां, पत्नी व भाई झुलसे
पहली घटना डुमरिया प्रखंड के फूलझरी गांव की है. गुरुवार शाम अचानक शुरू हुई तेज बारिश के दौरान गांव निवासी धुनू हेंब्रम (20) अपने घर पर पत्नी सिनगो हेंब्रम, मां पुदी हेंब्रम और छोटे भाई बुढ़ान हेंब्रम के साथ बैठे थे. इसी दौरान उनके मिट्टी के घर पर अचानक तेज कड़क के साथ आकाशीय बिजली गिरी. इस हादसे में धुनू हेंब्रम की मौके पर ही मौत हो गयी, जबकि उसकी पत्नी, मां और छोटा भाई गंभीर रूप से झुलस गये. सभी घायलों को तुरंत 108 एंबुलेंस की मदद से डुमरिया सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लाया गया, जहां डॉक्टरों की देखरेख में उनका इलाज चल रहा है.
कालियामकोचा : खेत में चर रहे छह मवेशियों की ठनका से मौत
इसी प्रखंड के कालियामकोचा गांव में भी वज्रपात से भारी नुकसान होने की सूचना है. यहां खेत में चर रहे सीताराम सोय के दो बैल, चुड़ी होनहागा व लोसरी सरदार के एक-एक बैल और शांति होनहागा की दो बकरियों की मौत हो गयी. घटना की सूचना पाकर झामुमो के प्रखंड बीस सूत्री अध्यक्ष भगत बास्के सहित कई कार्यकर्ताओं ने अस्पताल पहुंचकर पीड़ितों से मुलाकात की और सांत्वना दी.
पोटका : पड़ोसी के घर से लौट रही विवाहिता भी चपेट में आयी, मौत
एक अन्य घटना में पोटका प्रखंड अंतर्गत हेंसलबिल गांव में 23 वर्षीय महिला मुस्कान हांसदा की वज्रपात की चपेट में आने से मौत हो गयी. मृतका गांव के ही संजय हांसदा की पत्नी थी. ग्रामीणों के मुताबिक, मुस्कान गुरुवार को पड़ोसी के यहां से घरेलू काम निपटाकर अपने घर लौट रही थी. इसी दौरान अचानक मौसम का मिजाज बिगड़ गया. तेज कड़कड़ाहट के साथ गिरी बिजली की चपेट में आने से मुस्कान वहीं अचेत होकर गिर पड़ी. ग्रामीणों के सहयोग से परिजन उसे तुरंत पोटका सीएचसी ले गये, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया. इन घटनाओं के बाद दोनों ही क्षेत्रों में शोक की लहर है.
