दुमका से आनंद जायसवाल की रिपोर्ट
दुमका : दिशोम गुरु स्वर्गीय शिबू सोरेन की पहली पुण्यतिथि पर मंगलवार को उनकी कर्मभूमि दुमका में उन्हें याद कर श्रद्धांजलि अर्पित की गई. दुमका के खिजुरिया स्थित उनके पैतृक आवास पर आयोजित विशेष श्रद्धांजलि सभा में पार्टी नेताओं, कार्यकर्ताओं और भारी संख्या में समर्थकों का हुजूम उमड़ पड़ा. इस दौरान दुमका विधायक बसंत सोरेन और जामा विधायक डॉ. लुईस मरांडी सहित जेएमएम (JMM) के कई वरिष्ठ नेताओं ने गुरुजी के चित्र पर माल्यार्पण कर श्रद्धासुमन अर्पित किया. वहां, उपस्थित सभी लोगों ने दो मिनट का मौन रखकर दिशोम गुरु के प्रति अपनी संवेदनाएं और श्रद्धा व्यक्त की.
'जल, जंगल, जमीन' के लिए समर्पित रहा पूरा जीवन
श्रद्धांजलि सभा को संबोधित करते हुए नेताओं ने कहा कि अलग झारखंड राज्य के निर्माण और आदिवासियों तथा मूलवासियों के अधिकारों की रक्षा में शिबू सोरेन का योगदान अमूल्य है. उन्होंने अपना संपूर्ण जीवन जल, जंगल, जमीन की लड़ाई और झारखंडी अस्मिता के सम्मान के लिए समर्पित कर दिया. इस मौके पर वहां पर उपस्थित दुमका विधायक बसंत सोरेन ने कहा कि दिशोम गुरुजी की शारीरिक अनुपस्थिति हमेशा महसूस होगी, लेकिन उनके दिखाए आदर्श और संघर्ष का मार्ग हमेशा हमारा मार्गदर्शन करता रहेगा. राज्य की हेमंत सोरेन सरकार गुरुजी के सपनों के अनुरूप ही समृद्ध और खुशहाल झारखंड बनाने की दिशा में निरंतर काम कर रही है." कार्यक्रम के दौरान मौजूद कार्यकर्ताओं ने गुरुजी के विचारों और सिद्धांतों को गांव-गांव तक पहुंचाने और झारखंड के स्वाभिमान को बनाए रखने का संकल्प दोहराया. पूरे आयोजन के दौरान खिजुरिया आवास में वातावरण भावुक बना रहा.
