रफ्तार का कहर. हंसडीहा-देवघर एनएच-133 पर स्थित धमना कुंडा मोड़ के पास हादसा
प्रतिनिधि, हंसडीहाहंसडीहा-देवघर एनएच-133 पर स्थित धमना कुंडा मोड़ के पास रविवार तड़के बड़ा सड़क हादसा टल गया. तेज रफ्तार से जा रहा हाइवा अनियंत्रित होकर सड़क किनारे लगे पेड़ को तोड़ते हुए सीधे एक मकान में जा घुसा. दुर्घटना इतनी भीषण थी कि जोरदार धमाके की आवाज सुनकर आसपास के लोग नींद से जाग उठे. हादसे में चालक केबिन में बुरी तरह फंस गया, जबकि जिस घर में हाइवा घुसा वहां सो रहे परिवार के सदस्य बाल-बाल बच गये. घटना रविवार तड़के करीब 2.30 बजे की बतायी जा रही है. जानकारी के अनुसार सारठ क्षेत्र से बालू लोड कर हाइवा पश्चिम बंगाल जा रहा था. इसी दौरान धमना कुंडा मोड़ के पास चालक वाहन पर नियंत्रण खो बैठा. अनियंत्रित हाइवा पहले सड़क किनारे स्थित पेड़ से टकराया और उसे तोड़ते हुए शंकर राय के मकान में जा घुसा. टक्कर इतनी जोरदार थी कि मकान के बाहरी हिस्से के कई सीमेंट के पीलर क्षतिग्रस्त हो गये और दीवारों में दरारें आ गयीं. हादसे की सूचना मिलते ही हंसडीहा थाना के एसआइ जिम्मी हांसदा पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे. दुर्घटना के बाद चालक केबिन में फंस गया था, उसे बाहर निकालना आसान नहीं था. पुलिस ने तत्काल गैस कटर, जेसीबी मशीन और क्रेन की व्यवस्था करायी. स्थानीय ग्रामीणों ने भी राहत एवं बचाव कार्य में बढ़-चढ़कर सहयोग किया. एंबुलेंस को मौके पर बुलाया गया. करीब ढाई घंटे तक चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद चालक को केबिन से सुरक्षित बाहर निकाला गया. घायल चालक की पहचान 22 वर्षीय शाहिल शेख के रूप में हुई है, जो पश्चिम बंगाल के बीरभूम जिले के नोलडीह थाना क्षेत्र के खिदिरपुर गांव का निवासी है, उसे प्राथमिक उपचार के लिए सीएचसी सरैयाहाट भेजा गया. हाइवा में मौजूद सहायक चालक अलीउल्लाह भी खिदिरपुर गांव का निवासी बताया गया है. स्थानीय लोगों ने बताया कि हादसे के समय मकान के अंदर परिवार के सदस्य सो रहे थे. जोरदार आवाज के साथ घर का बाहरी हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया. हालांकि सौभाग्य से घर के भीतर मौजूद किसी व्यक्ति को चोट नहीं लगी. लोगों का कहना है कि यदि हाइवा कुछ और आगे बढ़ जाता तो बड़ी जनहानि हो सकती थी. दुर्घटना के बाद कुछ समय तक राष्ट्रीय राजमार्ग पर अफरा-तफरी का माहौल बना रहा. सुबह तक क्रेन और जेसीबी की मदद से क्षतिग्रस्त हाइवा को हटाने का काम चलता रहा. पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है. प्रारंभिक तौर पर तेज रफ्तार और वाहन से नियंत्रण खोने को हादसे का कारण माना जा रहा है.
घर के पीलर टूटे, परिवार दहशत में
हादसे में शंकर राय के मकान का बाहरी हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया. घर के सामने बने कई सीमेंट के पिलर टूट गये. घटना के बाद परिवार के लोग काफी देर तक दहशत में रहे. ग्रामीणों ने प्रभावित परिवार को उचित मुआवजा देने की मांग की है.
