हंसडीहा: उत्तरवाहिनी गंगा कहलगांव से बाबा बासुकीनाथ धाम के लिए निकली पड़ाव संघ की 114वीं ऐतिहासिक कांवर यात्रा रविवार सुबह हंसडीहा से अपने अंतिम पड़ाव बासुकीनाथ के लिए रवाना हो गयी. करीब पांच हजार शिवभक्तों का विशाल जत्था हर-हर महादेव और बोल बम के जयघोष के साथ बाबा बासुकीनाथ के दरबार की ओर बढ़ रहा है. सोमवार को कांवरिए बाबा बासुकीनाथ का जलाभिषेक करेंगे.
इससे पूर्व शनिवार की रात यात्रा का भव्य पड़ाव कुरमाहाट में हुआ. यहां श्री बोल बम सेवा समिति की ओर से कांवरियों के स्वागत और सेवा के लिए विशेष इंतजाम किए गए थे. रात्रि विश्राम से पहले आयोजित भव्य गंगा आरती ने पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दिया.
आरती में बड़ी संख्या में शिवभक्त शामिल हुए. हर-हर महादेव और बोल बम के जयघोष से पूरा कुरमाहाट क्षेत्र गूंज उठा. आरती के दौरान श्रद्धालु भक्ति गीतों की धुन पर झूमते नजर आए. इस वर्ष कांवर यात्रा में शामिल 81 फीट, 61 फीट, 41 फीट और 21 फीट ऊंची थ्री-डी कांवरें श्रद्धालुओं के आकर्षण का प्रमुख केंद्र बनी हुई हैं.
आधुनिक प्रकाश व्यवस्था, रंग-बिरंगे फूलों और आकर्षक सजावट से सुसज्जित इन विशाल कांवरों को देखने के लिए मार्ग में जगह-जगह लोगों की भीड़ उमड़ रही है. वहीं, पहली बार यात्रा में शामिल आदियोगी कांवर विशेष आकर्षण का केंद्र बनी हुई है.
भगवान शिव और अन्य धार्मिक झांकियों से सुसज्जित इस कांवर को देखने के लिए श्रद्धालुओं में खासा उत्साह है. यात्रा की भव्यता में 50 से अधिक डीजे साउंड सिस्टम भी चार चांद लगा रहे हैं. शिवभक्ति गीतों और बोल बम के जयघोष से पूरा कांवरिया मार्ग शिवमय बना हुआ है. कांवरियों के उत्साह और सुविधा को देखते हुए विभिन्न पड़ावों पर सेवा शिविर, पेयजल, जलपान और विश्राम की व्यवस्था की गयी है. श्री बोल बम सेवा समिति के पदाधिकारियों ने बताया कि कांवरियों की सुविधा के लिए भोजन, पेयजल, चिकित्सा सेवा समेत अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं की गयी है. समिति के स्वयंसेवक पूरे यात्रा मार्ग में कांवरियों की सेवा में जुटे हुए हैं, ताकि श्रद्धालु सुरक्षित और सुगमतापूर्वक अपनी यात्रा पूरी कर सकें.
