जामा विधायक सीता सोरेन की जा सकती है सदस्यता, भाजपा के सुरेश मुर्मू ने राज्यपाल व चुनाव आयोग से की है शिकायत

सांसद डॉ दुबे ने कहा कि सीएम हेमंत सोरेन के लिए भी मेरा संदेश होगा कि अगर वे अपनी पत्नीं को विधायक बनाना चाहते हैं तो किसी सामान्य सीट से चुनाव लड़ायें. आदिवासी के लिए रिजर्व सीट से सीएम की पत्नी चुनाव नहीं लड़ सकती हैं.

देवघर : गोड्डा सांसद डॉ निशिकांत दुबे ने जामा से झामुमो विधायक सीता सोरेन की सदस्यता को अवैध बताया है. डॉ दुबे ने देवघर में प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि हाइकोर्ट के जजमेंट के अनुसार, जो व्यक्ति झारखंड में पैदा होते हैं, उन्हें ही एससी-एसटी व ओबीसी के आरक्षण का लाभ मिलना है. उस जजमेंट के अनुसार ही गिरिडीह के भाजपा से मेयर सुनील पासवान की सदस्यता चली गयी थी. माना यह गया कि सुनील पासवान बिहार में पैदा हुए हैं. सांसद डॉ दुबे ने कहा कि इस जजमेंट का यह असर है कि जामा के पूर्व भाजपा प्रत्याशी सुरेश मुर्मू ने राज्यपाल व चुनाव आयोग को पत्र लिखकर जामा विधायक सीता सोरेन की सदस्यता खत्म करने की मांग की है.

जामा से सीता सोरेन की सदस्यता अवैध, चुनाव आयोग से की गयी शिकायत में दम : डॉ निशिकांत

सुरेश मुर्मू द्वारा चुनाव आयोग से की गयी शिकायत में दम है. हाइकोर्ट के आदेश के अनुसार सीता सोरेन गलत तरीके से इतने दिनों तक आदिवासी सीट जामा से विधायक बनीं हुई हैं. सीता सोरेन सामान्य सीट से चुनाव लड़ सकती हैं, आदिवासी के लिए आरक्षित सीट से वह विधायक नहीं बन सकती हैं. सांसद डॉ दुबे ने कहा किभाजपा को चुनाव आयोग से इस मामले में जोरदार तरीके से लड़ना चाहिए. मुझे लगता है कि चुनाव आयोग कार्रवाई करेगी तो सीता सोरेन की सदस्यता कुछ दिनों खत्म हो जायेगी. मैं भी दिल्ली जाकर चुनाव आयोग के समक्ष इस मामले में अपनी बात रखूंगा. सांसद डॉ दुबे ने कहा कि सीएम हेमंत सोरेन के लिए भी मेरा संदेश होगा कि अगर वे अपनी पत्नीं को विधायक बनाना चाहते हैं तो किसी सामान्य सीट से चुनाव लड़ायें. आदिवासी के लिए रिजर्व सीट से सीएम की पत्नी चुनाव नहीं लड़ सकती हैं.

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