अपराध. शिकारीपाड़ा में दो नवजात शिशुओं को कुएं में फेंके जाने की घटना
घटना के बाद अनुसंधान के लिए वरीय पदाधिकारी मौके पर पहुंचे खोजी कुत्ते की मदद से जांच की गयी. पुलिस हर बंदू पर जांच कर रही है.
शिकारीपाड़ा : शिकारीपाड़ा में दो नवजात शिशुओं को कुएं में फेंके जाने की घटना के मामले में जांच के लिए एसडीओ जय प्रकाश झा, डीएसपी रौशन गुड़िया चार बजे के लगभग घटनास्थल पर पहुंचे. एसडीओ श्री झा की उपस्थिति में समाप्ति साहा के उस बेडरूम की जांच पुलिस निरीक्षक सह थाना प्रभारी अजय कुमार केशरी व बीडीओ अरविंद कुमार द्वारा की गयी, जिससे उसके जुड़वा बच्चों को उठाया गया तथा कथित तौर पर उसकी चोटी काट ली गयी.
अनुसंधान के बाद उक्त बेडरूम में ताला बंद कर दिया गया. कुछ देर बाद खोजी कुत्ता व उसके केयर टेकर अखिलेश कुमार सिंह पहुंचे. खोजी कुत्ता घर में कई जगहों पर घुमने के बाद घर के पीछे मैदान की ओर गया. कुछ देर बाद पुनः वापस घर लौट आया. 7 बजे तक एसडीओ, डीएसपी, बीडीओ, थाना प्रभारी आदि छानबीन कर रहे थे.
खोजी कुत्तों की मदद से की गयी जांच
महिला का पति जमशेदपुर में शिक्षक
महिला का पति प्रणय साहा जमशेदपुर में सरकारी शिक्षक के रुप में पदस्थापित हैं. वे वहीं पर हैं. घटना में उसके दोनों बच्चों के मौत की खबर से अनभिज्ञ महिला अपने बच्चों को खोज रही थी और परिजन उसे यह दिलासा दे रहे थे कि डाक्टर उनका इलाज कर रहे हैं.
बच्चों के मुंह से झाग निकल रहा था. दोनों बच्चों की मौत हो चुकी है. बच्चों को लेकर शिकारीपाड़ा के चिकित्सक भी साथ आये थे. उन्होंने भी वहां जांच की थी, उस वक्त भी बच्चे की सांस नहीं चल रही थी. देखने से लग भी रहा है कि डूबने से बच्चों की मौत हुई है. बच्चे की मां घबराई हुई है. बाल कटा हुआ दिख रहा है. ईलाज चल रहा है.
– डॉ दिलीप केशरी, अस्पताल उपाधीक्षक
घर में मां और दोनों बच्चे सोये हुए थे. सास-ससुर दोनों अलग कमरे में सोये हुए थे. बड़ा बेटा जब स्कूल से आया तो मां को देखा, भाईयों को नहीं. उसके कहने पर सास-ससुर ने खोजबीन की. उनलोगों ने कुंए से दोनो शिशुओं को बाहर निकाला, तब तक संभवत: बच्चों की मौत नहीं हुई थी. बच्चों को निकाले जाने के बाद देखा कि बच्चे की मां के बाल कटे हुए हैं.
– चंदन साहा, रिश्तेदार.
