Dhanbad News: जिला नेहरू युवा केंद्र ओर से आयोजित कश्मीरी युवा आदान-प्रदान कार्यक्रम के चौथे दिन मंगलवार को कई कार्यक्रमों का आयोजन किया गया. उद्देश्य “एक भारत, श्रेष्ठ भारत ” की भावना को प्रोत्साहित करना और कश्मीर एवं झारखंड के युवाओं के बीच संवाद एवं सांस्कृतिक मेलजोल को बढ़ावा देना था. पहले सत्र में कश्मीर व झारखंड के युवाओं के बीच संवाद व इतिहास पर चर्चा का आयोजन किया गया. डॉ जयदेव कुमार महतो ने ‘शिक्षा व आत्मविकास में आध्यात्मिक कल्याण की भूमिका’ विषय पर युवाओं का मार्गदर्शन किया. उन्होंने युवाओं को सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाने, आत्म-उन्नति पर ध्यान केंद्रित करने और राष्ट्र की प्रगति में योगदान देने के लिए प्रेरित किया. गोपाल चंद्र ओझा ने ‘राष्ट्र निर्माण में युवाओं की भूमिका, नेतृत्व विकास और सामाजिक समरसता’ जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विचार साझा किया. उन्होंने धनबाद के इतिहास, सांस्कृतिक विरासत और औद्योगिक विकास पर भी विस्तृत चर्चा की.
युवाओं ने प्रस्तुत की कश्मीर की संस्कृति
कश्मीर व झारखंड के युवाओं ने शाम में न्यू टाउन हॉल में भव्य सांस्कृतिक संध्या का आयोजन किया. इस अवसर पर धनबाद के विभिन्न शैक्षणिक संस्थानों, युवा मंडलों और स्वयंसेवी संगठनों के सांस्कृतिक दलों ने झारखंड का लोकनृत्य, नाटक, गीत व वाद्ययंत्रों की प्रस्तुति से दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया. कश्मीर के युवाओं ने रौफ, चक्कर, रौफ, छकरी एवं पहाड़ी जैसी पारंपरिक लोककलाओं की प्रस्तुति दी. कार्यक्रम में जिला युवा पदाधिकारी रवि कुमार मिश्रा, जिला खेल पदाधिकारी उमेश लोहरा, राष्ट्रीय सेवा योजना प्रभारी मौसूफ अहमद, जिला युवा पदाधिकारी गौरव कुमार, जिला युवा पदाधिकारी शुभम चंद्रन, जिला युवा पदाधिकारी कंचन कुमारी आदि उपस्थित थे.
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