निरसा से अरिंदम चक्रवती की रिपोर्ट
Dhanbad Wire Accident, धनबाद : धनबाद के निरसा थाना क्षेत्र की खुशरी न्यू कॉलोनी में गुरुवार की दोपहर एक दर्दनाक हादसा सामने आया है. यहां 11 हजार वोल्ट के हाई टेंशन बिजली तार की चपेट में आने से 39 वर्षीय महिला प्रभा देवी की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई. मृतका अपने घर की छत पर कपड़े सुखा रही थी, तभी यह भीषण हादसा हुआ. इस घटना के बाद पूरे इलाके में मातम पसर गया है और बिजली विभाग के खिलाफ स्थानीय लोगों का गुस्सा फूट पड़ा है.
छत के बिल्कुल करीब से गुजरी थी मौत की कतार
जानकारी के अनुसार, मृतका प्रभा देवी मूल रूप से जामताड़ा जिले के पालाजोड़ी स्थित गोपाला रायडीह गांव की रहने वाली थीं. वह पिछले 15-16 वर्षों से अपने पति सुबल पोद्दार और दो बेटों (चंदन व कुंदन) के साथ खुशरी में तफज्जुल अंसारी के मकान में किराए पर रह रही थीं. उनके पति और बड़ा बेटा निरसा की एक सोने-चांदी की दुकान में कारीगर का काम करते हैं. जिस मकान में यह परिवार रहता था, उसकी छत से मात्र डेढ़ से दो फीट की दूरी पर ही 11 हजार वोल्ट का हाई टेंशन तार गुजरा हुआ था. गुरुवार दोपहर करीब दो बजे, प्रभा देवी स्नान करने के बाद छत पर कपड़े सुखाने (पसारने) गई थीं. जैसे ही उन्होंने कपड़ा फैलाया, वह सीधे हाई टेंशन तार की चपेट में आ गयी. हाई वोल्टेज करंट लगने से उन्होंने मौके पर ही दम तोड़ दिया.
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बेटे ने बयां की आंखों देखी
मृतका के बड़े बेटे चंदन पोद्दार ने रोते हुए बताया कि वह दोपहर करीब ढाई बजे दुकान से खाना खाने घर आया था. मां को नीचे न पाकर जब खोजा, तो पता चला कि वह छत पर कपड़े पसारने गई हैं. इसी बीच अचानक छत से बहुत जोर की आवाज आई. वे घबराकर जैसे ही छत की तरफ भागा, देखा कि मां जमीन पर बेसुध गिरी हुई थी और कपड़े का आधा हिस्सा अभी भी बिजली के तार से सटा हुआ था.” चंदन ने किसी तरह सूझबूझ से मां को तार से अलग किया और तुरंत निरसा कांटा स्थित एक निजी नर्सिंग होम ले गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया.
अस्पताल में उमड़ी नेताओं और ग्रामीणों की भीड़
घटना की खबर फैलते ही निरसा विधायक अरूप चटर्जी, माले नेता टुटुन मुखर्जी, लालू ओझा, मुखिया सपन गोराई, भाजपा नेता मनोज सिंह, कांग्रेस प्रखंड अध्यक्ष डॉ. संतोष राय समेत भारी संख्या में सामाजिक संगठनों से जुड़े लोग और स्थानीय ग्रामीण अस्पताल पहुंचे. लापरवाही से नाराज ग्रामीणों ने बिजली विभाग के खिलाफ अस्पताल परिसर में ही जमकर नारेबाजी की. ग्रामीणों का आरोप है कि निरसा के दर्जनों इलाकों में इसी तरह रिहायशी मकानों और छतों से सटाकर हाई टेंशन तार गुजारे गए हैं, जिससे आए दिन हादसे होते रहते हैं. ग्रामीणों ने इस मौत की पूरी जवाबदेही विभागीय अधिकारियों पर तय करने की मांग की.
विधायक की पहल पर 10 हजार की तत्काल मदद
हंगामे और जनाक्रोश को देखते हुए निरसा विधायक अरूप चटर्जी ने तुरंत बिजली विभाग के कार्यपालक अभियंता मनोज कुमार निराला और एसडीओ नीतीश कुमार से सीधी वार्ता की. हालांकि, अधिकारियों का कहना था कि तार घर से दूरी पर था, फिर भी घटना कैसे हुई इसकी जांच की जा रही है. विधायक ने पीड़ित परिवार के लिए सरकारी मानकों के तहत 4 से 5 लाख रुपये के मुआवजे और तत्काल दाह संस्कार के लिए आर्थिक मदद की मांग की. इसके बाद विभाग की ओर से तुरंत 10 हजार रुपये की अंत्येष्टि सहायता मृतका के पति को सौंपी गई. निरसा थाना के पुलिस अधिकारी बीडी सोरेन ने दलबल के साथ पहुंचकर शव का पंचनामा किया और उसे पोस्टमार्टम के लिए धनबाद भेज दिया. विधायक ने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि पीड़ित परिवार को पूरा मुआवजा दिलाया जाएगा और इस क्षेत्र से हाई टेंशन तार को जल्द से जल्द दूसरी जगह शिफ्ट कराया जाएगा, जिसके बाद ही ग्रामीण शांत हुए.
शुरू हुई विभागीय जांच
बिजली विभाग के एसडीओ नीतीश कुमार ने घटना पर संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि मामले की विभागीय जांच शुरू कर दी गई है. पीड़ित परिवार को सरकारी प्रावधानों के तहत हर संभव मुआवजा दिलाने का प्रयास किया जा रहा है.
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