एग्रीमेंट रद्द करने के बाद भी विज्ञापन प्रदर्शित कर रही होर्डिंग कंपनी
धनबाद :नगर निगम ने मंगलवार को सदर थाना में सेलवेल कंपनी पर सरकारी राशि गबन करने व धोखाधड़ी की प्राथमिकी दर्ज करायी है. उप नगर आयुक्त राजेश कुमार सिंह ने दर्ज प्राथमिकी में कहा है कि सेलवेल एडवरटाइजिंग प्रालि और धनबाद नगर निगम के बीच शहर के विभिन्न स्थानों पर होर्डिंग लगाने के लिए विभिन्न शर्तों के आधार पर 18-5-2016 को एकरारनामा किया गया था.
एकरारनामा के अनुसार सेलवेल को छह माह में भुगतान करना था. लेकिन वह आंशिक रूप से भुगतान करते आ रहा था. 26-11-2018 को 48 लाख 13 हजार डिमांड नोट्स देते हुए भुगतान करने का निर्देश दिया गया.
इस पर सेलवेल ने उच्च न्यालय में रिट याचिका दाखिल की. उच्च न्यालय द्वारा 12-06-19 को आदेश पारित किया गया कि उक्त मामले पर धनबाद नगर निगम सेलवेल का पक्ष सुनकर स्वच्छ आदेश पारित करे. उच्च न्यालय के आदेश के आलोक में सेलवेल को पक्ष रखने के लिए 19.6.19 व 10.7.19 को विधिवत सूचना दी गयी. सेलवेल का पक्ष सुनने के बाद नगर आयुक्त द्वारा उक्त मामले में 18.07.2019 को स्वच्छ आदेश पारित किया गया, जिसमें कार्यालय को यह आदेश दिया गया कि सेलवेल को 41.77 हजार रुपये का डिमांड नोट्स निर्गत किया जाये.
सेलवेल को तीन दिनों के अंदर भुगतान का आदेश दिया गया. सेलवेल ने अब तक राशि जमा नहीं की. इस प्रकार सेलवेल के अधिकारी एवं निदेशक द्वारा नगर निगम को धोखे में रखकर बेइमानी की नीयत से अब तक 41 लाख 77 हजार रुपये जमा न कर सरकारी राशि का गबन किया गया. सेलवेल का निबंधन पूर्व में ही रद्द किया जा चुका है. इसके बाद भी सेलवेल द्वारा अवैध रूप से विज्ञापन प्रदर्शित कर रहा है.
