धनबाद : पूर्व डिप्टी मेयर और कांग्रेस नेता नीरज सिंह समेत चार लोगों की हत्या के मामले में जेल में बंद भाजपा के झरिया विधायक संजीव सिंह की ओर से दायर पिटीशन पर सुनवाई मंगलवार को जिला व सत्र न्यायाधीश आलोक कुमार दुबे की अदालत में हुई.
विधायक की ओर से उनके अधिवक्ता मो जावेद ने अदालत से टेलकम सर्विस प्रोवाइडर्स के नोडल अफसर को सम्मन निर्गत कर घटना के दिन 21 मार्च 2017 का बीएसएनएल, जियो व वोडाफोन के आठ मोबाइल के टावर लोकेशन विथ सर्टिफिकेट मंगाने का आग्रह किया. आठ मोबाइल नंबर में तीन आदित्य राज, तीन एकलव्य सिंह, एक अभिषेक सिंह उर्फ गुड्डू सिंह व एक मृतक अशोक यादव का है.
उन्होंने सुप्रीम कोर्ट के जजमेंट का हवाला देते हुए कहा कि कभी भी मोबाइल फोन का टावर लोकेशन मांगा जा सकता है. अभियोजन से अपर लोक अभियोजक ओपी तिवारी ने अपनी दलील दी. अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद उक्त पिटीशन को खारिज कर दिया.
अब इस मामले में सुनवाई 28 जनवरी को होगी. उस दिन अभियोजन गवाह प्रस्तुत कर सकता है. लेकिन बचाव पक्ष भी निचली अदालत के आदेश को झारखंड हाइकोर्ट में चुनौती देने से नहीं चूकेगा.
दुराचार में दोषी करार : नाबालिग लड़की के साथ दुराचार करने के मामले में मंगलवार को पॉक्सो के विशेष न्यायाधीश सुरेंद्र शर्मा की अदालत ने जेल में बंद सनोज कुमार सिंह को दोषी करार दिया.
अदालत 24 जनवरी 19 को सजा सुनायेगी. ज्ञात हो कि 13 अक्तूबर 17 को सुबह सनोज नाबालिग को बिरसा मुंडा पार्क घुमाने के बहाने गिरिडीह ले गया वह वहां उसे एक माह रखा और उसके साथ आठ बार दुराचार किया.
