धनबाद : भारतीय सैन्य अकादमी (आइएमए) देहरादून से 300 से अधिक जेंटलमैन कैडेट पास आउट होकर शनिवार को भारतीय सेना का अंग बने. इनमें धनबाद के लेफ्टिनेंट मोहित कुमार और लेफ्टिनेंट अमित कुमार भी शामिल हैं. मोहित पुलिस चालक आशुतोष कुमार के पुत्र हैं. उनकी माता का नाम जयमाला है.
मोहित ने डीएवी कोयला नगर से 2012 में 10 वीं और 2014 में 12 वीं की परीक्षा अच्छे अंकों से उत्तीर्ण की. 2014 में एनडीए में चयनित हुए. मोहित के पिता आशुतोष कुमार धनबाद में पदस्थापित हैं. वह मूलत: बिहार के गया जिले के कोच थाना के रहने वाले हैं.
दादा, पिता के बाद बिशुनपुर के अमित भी सेना में : बिशुनपुर निवासी लेफ्टिनेंट अमित कुमार को लद्दाख स्कॉट में ज्वाइनिंग मिली है. अमित कुमार के पिता मनोज चौधरी और दादा ब्यास चौधरी भी भारतीय सेना में सेवा दे चुके हैं.
दादा ब्यास चौधरी भारतीय सेना के 88 आर्म्ड रेजीमेंट का हिस्सा बनकर 1971-72 और 1999 में कारगिल की लड़ाई में शरीक हो चुके हैं. 2004 में हिसार हरियाणा से ऑनररी कैप्टन यानी डीएसपी के बराबर पद से सेवानिवृत्त हुए.
इनके बेटे मनोज कुमार चौधरी भी 88 आर्म्ड रेजीमेंट में 1991 में जवान के तौर पर भारतीय सेना में शामिल हुए. 1991 से 1993 तक पंजाब के गुरदासपुर यूनिट में योगदान देकर आतंकवाद को खत्म करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई.
