बरसात में ही किया जा रहा बेघर

फोरलेनिंग : अन्यत्र बसने के लिए मोहलत मांग रहे प्रभावित... मुआवजा भुगतान के तुरंत बाद ही तोड़ दिये जा रहे मकान और दुकान कई लोगों को अब तक नहीं मिला मुआवजा कतरास : राजगंज से महुदा तक फोरलेनिंग सड़क को लेकर आवास व दुकानों को तोड़ने का काम तेज हो गया है. वहीं मकान तोड़े […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | July 29, 2017 5:38 AM

फोरलेनिंग : अन्यत्र बसने के लिए मोहलत मांग रहे प्रभावित

मुआवजा भुगतान के तुरंत बाद ही तोड़ दिये जा रहे मकान और दुकान
कई लोगों को अब तक नहीं मिला मुआवजा
कतरास : राजगंज से महुदा तक फोरलेनिंग सड़क को लेकर आवास व दुकानों को तोड़ने का काम तेज हो गया है. वहीं मकान तोड़े जाने से बेघर हुए लोग बरसात में आशियाना के लिए यहां-वहां भटक रहे हैं. मुआवजे भुगतान के साथ ही तेजी से आवास व दुकानों को तोड़े जाने से लोग हक्के-बक्के है. इससे लोगों में खासी नाराजगी है. गत 19 जुलाई को ही बरवाडीह मौजा के करीब 10-12 लोगों को मुआवजा का भुगतान किया गया. इसके बाद 25 से 27 जुलाई तक पलटू महतो, युगल महतो, ननकू महतो, नंदलाल साव आदि के घरों व दुकानों को तोड़ दिया गया. वहीं कांको मौजा के करीब 15 लोगों के घर व दुकान फोरलेन सड़क की जद में आ रहे हैं.
उन्हें पहले ही नोटिस दिया गया है. मगर अब तक मुआवजा का भुगतान नहीं किया गया है. अब यहां के लोगों को यह डर है कि तुरंत मुआवजा देकर उन्हें भी बरसात में ही बेघर न कर दिया जाये. लोगों ने बताया कि मुआवजा भुगतान के बाद कम से कम चार माह का समय मिलना चाहिए. मुआवजा मिलेगा तभी तो लोग अपना कहीं और घर बना सकेंगे. अचानक घर तोड़ देने से बरसात के मौसम में कहां जायेंगे.