धनबाद. धनबाद स्टेशन से यात्रा करने वाले यात्रियों की परेशानी अभी कम होती नहीं दिख रही है. 15 जून से 18 जोड़ी मेल एक्सप्रेस व छह जोड़ी पैसेंजर ट्रेनों को बंद कर दिया गया. हालांकि शुक्रवार को धनबाद से आसनसोल के बीच एक मात्र पैसेंजर ट्रेन ट्रॉयल बेसिस पर चलायी गयी, लेकिन इससे आम यात्रियों को राहत नहीं मिलने वाली है. अब यात्री दूसरे जोन व मंडल के स्टेशनों के तरफ रूख करने लगे हैं.
ट्रेन तो दूर, कोच की भी व्यवस्था नहीं : धनबाद स्टेशन से उत्तर बिहार, हैदराबाद, सिकंदराबाद, सूरत व अन्य शहरों के ट्रेनों को रद्द कर दिया गया है. रेलवे कई ट्रेनों को धनबाद से चलाने की सोच रही है, वहीं धनबाद से गुजरने वाली कई ट्रेनों में अतिरिक्त कोच लगाने की बात भी कह रही है. इन सबका प्रस्ताव धनबाद मंडल से जोन व रेलवे बोर्ड भेजा गया है, लेकिन अब तक किसी ट्रेन में अतिरिक्त कोच की व्यवस्था नहीं की गयी है. वहीं धनबाद रेल मंडल ने गंगा-दामोदर एक्सप्रेस, मौर्य एक्सप्रेस, शक्तिपूंज व बैद्यनाथधाम एक्सप्रेस में अतिरिक्त कोच की मांग को मुख्यालय भेजा है, लेकिन अब तक किसी ट्रेन में कोच बढ़ाने की अनुमति नहीं मिली है. धनबाद से जयनगर, कामाख्या व न्यू जलपाईगुड़ी की ट्रेन चलाने के प्रस्ताव को भी अनुमति नहीं मिली है.
वैकल्पिक रूट की हो व्यवस्था : डीसी लाइन बंद करने के पहले रेलवे को वैक्लपिक रूट की व्यवस्था करनी चाहिए, अभी रेलवे तेतुलमारी, तेलो होते हुए चंद्रपुरा तक रेल लाइन बनाने की बात कह रही है, जिसमें 4 से 5 साल का समय लगेगा. वहीं गोमो स्टेशन के आउटर के पास से या होम सिगनल से चंद्रपुरा तक नयी रेल लाइन बनायी जा सकती है. इसकी दूरी डेढ़ किलोमीटर से ज्यादा नहीं होगी, लेकिन इधर किसी का ध्यान नहीं जा रहा है.
