Deoghar News : अध्यात्म से जुड़ाव है जीवन को सार्थक दिशा देने का माध्यम: अरविंद जी महाराज

शिवलोक परिसर में शनिवार को शिरडी वाले कथावाचक अरविंद जी महाराज ने प्रवचन दिया. उन्होंने कहा कि अध्यात्म की ओर आकर्षण एक गहरी मानवीय प्रवृत्ति है.

संवाददाता, देवघर : शिवलोक परिसर में शनिवार को शिरडी वाले कथावाचक अरविंद जी महाराज ने प्रवचन दिया. उन्होंने कहा कि अध्यात्म की ओर आकर्षण एक गहरी मानवीय प्रवृत्ति है. यह जीवन के अर्थ, उद्देश्य और आंतरिक शांति की तलाश से प्रेरित होती है. यह एक ऐसा अनुभव है, जो हमें अपने से बड़ी किसी चीज से जुड़ने की भावना देती है और इसमें जीवन के रहस्यों को समझने की इच्छा शामिल होती है. अध्यात्म की ओर आकर्षण एक शक्तिशाली और परिवर्तनकारी अनुभव हो सकता है. यह हमें अपने जीवन को एक नए दृष्टिकोण से देखने, अपने भीतर की शांति और खुशी को खोजने और अपने जीवन को एक सार्थक तरीके से जीने में मदद करता है. कोलकाता के पिंकी मित्रा एंड ग्रुप के कलाकारों के द्वारा झांकी प्रस्तुत किया गया. कथा में शैली जी भी उपस्थित थीं. वादक के रूप में राजन रवि, अमित रवि, कुलदीप, उज्जवल, मनीष आदि शामिल थे. कार्यक्रम में रिदम इवेंट संयोजक अमरेश राज, उदघोषक गौरव गोरे थे.

भजन से श्रोता हुए मंत्रमुग्ध

सांस्कृतिक मंच पर गायक बबलू पंडित, स्नेहा सरगम के भजन गीतों से उपस्थित श्रोता मंत्रमुग्ध हो गये. गायक बबलू पंडित ने शिव को जिसने पूजा…, सांवली सूरत…, राष्ट्रीय गीत नफरत की लाठी तोड़ो…, मेरा कर्मा…, गायिका स्नेहा सरगम ने मेरे सिर पर रख दो बाबा…, अच्युतम केशवम…, फूलल बाद पऊंआ… भजन प्रस्तुत कर समां बांध दिया.

हाइलाइट्स

शिवलोक परिसर में शिरडी वाले महाराज का प्रवचन

सांस्कृतिक मंच पर प्रवचन, झांकी व भजन का आयोजन

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Vijay kumar

विजय कुमार को पत्रकारिता के क्षेत्र में तीन दशक से अधिक का अनुभव है. पिछले 22 वर्षों से लगातार प्रभात खबर से जुड़ा हूं. शिक्षा और स्वास्थ्य जैसे विषयों पर सिर्फ ग्राउंड रिपोर्टिंग ही नहीं, बल्कि सामाजिक परिवर्तन और जनहित की आवाज बनने का काम किया. बिजली, नगर निगम व कृषि से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाया. ग्रामीण और पिछड़े क्षेत्रों की वास्तविक स्थिति सामने लाकर नीति निर्माण में योगदान दिया. पत्रकारिता की पढ़ाई महात्मा गांधी अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय से की.

और पढ़ें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >