मधुपुर. शहर के भगत सिंह चौक पर सोमवार को भारत के नौजवान सभा के तत्वावधान में शहीद-ए-आजम भगत सिंह की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर शहादत दिवस मनाया गया. उपस्थित लोगों ने भगतसिंह, सुखदेव व राजगुरु की शहादत पर चर्चा करते हुए कहा कि इन्हीं क्रांतिकारी देश भक्त के शहादत के वजह से हम आज आजाद भारत में सांस ले रहे है. उनके सपनों का भारत बनाना बाकी है. डॉ उत्तम पीयूष ने कहा कि भगत सिंह एक दार्शनिक क्रांतिकारी थे और वैज्ञानिक समाजवाद के पक्षधर थे. सुरेश गुप्ता ने कहा कि जिन शक्तियों के विरोध में लड़ते हुए भगतसिंह शहीद हुए वे शक्तियां आज भी बलवती होकर सब पर काबिज है. ऐसी शक्तियों को उखाड़ फेंकने की जरूरत है. वहीं, राहुल अध्ययन केंद्र में भी शहीद-ए-आजम भगत सिंह, सुखदेव व राजगुरु को याद किया गया. लोगों ने शहीदों को तस्वीर पर माल्यार्पण कर श्रद्धासुमन अर्पित किया. इस दौरान धनंजय प्रसाद ने कहा कि भगत सिंह शोषण मुक्त समता पर आधारित समाजवादी समाज व व्यवस्था के पक्षधर थे. उनका मानना था कि सत्ता का बागडोर जब तक मजदूर, किसान व सर्वहारा के हाथों में नहीं होगा शोषण मुक्त व्यवस्था संभव नहीं है. अन्य लोगों ने भी अपने विचार व्यक्त किये. मौके पर मनोज झा, सुरेश हेम्ब्रम, बंटी, बिक्की, बिनोद, मनोज आदि मौजूद थे.
शहादत दिवस पर याद किये गये भगत सिंह, राजगुरु, सुखदेव
मधुपुर में शहीदों की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर किया नमन
