इधर, घटना के बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने सड़क जाम कर मामले की निष्पक्ष जांच की मांग करने लगे. जाम की सूचना मिलने पर बीडीओ निशा कुमारी सिंह, पुलिस निरिक्षक विनोद कुमार, थाना प्रभारी एनडी राय, जेएसआई ललन कुमार, अकील अहमद, उमेश पासवान समेत पुलिस बल पहुंचे व जाम हटाने के लिए समझाया. ग्रामीण अपनी मांगों पर अड़े रहे. इधर जाम स्थल पर पूर्व विधायक चुन्ना सिंह, मुखिया अनिल राव, उमाशंकर मंडल आदि भी पहुंच व समझाने का प्रयास किया. लेकिन परिजन कृषि मंत्री के आने के बाद ही जाम हटाने की बात कह रहे थे. सूचना पर कृषि मंत्री रणधीर सिंह पहुंचे व परिजनों की मांग पर एसपी से घटना की निष्पक्ष जांच करने व मेडिकल बोर्ड गठित कर पोस्टमार्टम कराने का निर्देश दिया. तत्कल आठ हजार नकद देकर मंत्री विवेकानिधि अनुदान योजना से 50 हजार राशि परिजनों को देने का अश्वासन दिया. जिसके बाद जाम हटा लिया गया.
झारी यादव की संदेहास्पद मौत के खिलाफ फूटा आक्रोश सड़क जाम, मौत की जांच की मांग
सारठ: फुलडोभा गांव निवासी झारी यादव की मौत के बाद घटना से आक्रोशित ग्रामीणों ने गुरुवार को सारठ-देवघर मुख्य पथ जाम कर दिया. परिजनों व ग्रामीणों का आरोप था कि झारी की हत्या कर उसे दुर्घटना का रूप दे दिया गया है. परिजनों के अनुसार, 10 अप्रैल की रात सारठ सीएचसी से सूचना मिली की […]

सारठ: फुलडोभा गांव निवासी झारी यादव की मौत के बाद घटना से आक्रोशित ग्रामीणों ने गुरुवार को सारठ-देवघर मुख्य पथ जाम कर दिया. परिजनों व ग्रामीणों का आरोप था कि झारी की हत्या कर उसे दुर्घटना का रूप दे दिया गया है. परिजनों के अनुसार, 10 अप्रैल की रात सारठ सीएचसी से सूचना मिली की झारी यादव सड़क दुर्घटना में घायल हो गया है. तत्काल इलाज चल रहा है लेकिन सिर पर गंभीर चोट के कारण बाहर ले जाना होगा.
वे लोग झारी को देवघर के एक निजी क्लिनिक ले गये. जहां इलाज के बाद रिम्स रेफर कर दिया गया. 12 अप्रैल को रिम्स ले जाने के दौरान जैनामोड़ के पास घायल झारी यादव ने दम तोड़ दिया. जिसके बाद परिजन शव घर ले आये. सूचना मिलने पर पूर्व विधायक चुन्ना सिंह , राजद युवा नेता पवन कुमार रवानी आदि भी पहुंचे व घटना की जानकारी ली.
मृतक के परिजनों ने कहा
मृतक के भाई बद्री यादव, विजय यादव, रंजीत यादव, मुकेश यादव आदि ने कहा कि 10 अप्रैल की रात नौ बजे झारी के मोबाइल पर फोन करने पर सारठ के एक शिक्षक ने फोन उठाया. उन्होंने कहा कि झारी डाउन हो गया उसके बाद फोन बंद हो गया. दस बजे सूचना मिली कि बाइक दुर्घटना हो गयी है. परिजनों के अनुसार मृतक के शरीर के पीठ पर रॉड से पीटने का निशान था. जबकि गरदन टूटा हुआ, कान का परदा फटा हुआ, कनपटी पर पीटने के निशान थे. आशंका जतायी कि झारी की हत्या कर इसे दुर्घटना का रूप दिया गया.