देवघर: जिले के सरकारी व प्राइमरी स्कूलों में सरकारी शिक्षकों एवं पारा शिक्षकों की नियमित उपस्थिति के लिए एक ही पंजी संधारित होगी. उपस्थिति पंजी का सत्यापन संबंधित प्रखंड के बीइइओ करेंगे. इसी उपस्थिति पंजी के आधार पर शिक्षकों की उपस्थिति की गणना व वेतन आदि का भुगतान किया जायेगा. स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग के निर्देश के बाद जिले में आवश्यक कार्रवाई शुरू कर दी गयी है.
अबतक जिले के सभी कोटि के सरकारी प्राइमरी व मिडिल स्कूलों में सरकारी शिक्षक एवं पारा शिक्षकों की उपस्थिति अलग-अलग बनायी जाती है. विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार कक्षा एक से आठवीं तक के बच्चों के बीच स्कूलों में पाठ्य पुस्तकों का वितरण अप्रैल के अंतिम सप्ताह में किया जायेगा. इस संबंध में प्रखंडों के पदाधिकारी के माध्यम से प्रभारियों को दी गयी है.
शिशु सदन में होगी केजी की पढ़ाई
नये शैक्षणिक वर्ष से सरकारी स्कूलों में कक्षा केजी से पढ़ाई आरंभ होगी. प्रत्येक स्कूलों में जहां केजी की कक्षा का संचालन होगा. वहां के कमरे में शिशु सदन लिया जायेगा. शिशु सदन में बच्चों को आकर्षित करने के लिए स्कूलों के दीवारों पर पेंटिंग कराया जायेगा. साथ ही जरूरी चीजों से उसे सजाया जायेगा.
