अमन, शांति व सलामती का पैगाम देने वाला मजहब है इस्लाम : कादरी

मदीना मोहल्ला में 38वां वार्षिक मुर्शिद कॉन्फ्रेंस का आयोजन

मधुपुर. शहर के मदीना मोहल्ला में अंजुमन चिश्तिया, निजामीयां, मंसूरिया व ख्वाजा नगर के तत्वावधान में 38वां वार्षिक मुर्शिद कॉन्फ्रेंस का आयोजन किया गया. कार्यक्रम में ढाका व ओडिशा समेत विभिन्न प्रदेशों से सूफिया-ए-कराम, उलमा-ए-इकराम ने शिरकत किया. कार्यक्रम की अध्यक्षता बाबा शराफत शाह चिश्ती कादरी ने की. कार्यक्रम की शुरुआत कुरान-ए-पाक की तिलावत से किया गया. इस अवसर पर मौलाना अब्दुल हकीम नोमानी ने कहा कि इस्लाम में ज्ञान की स्थिति अंधेरे में रोशनी के समान है. उन्होंने कहा कि इस्लाम वह मुकम्मल दीन है, जिसकी बुनियाद इल्म पर रखी गयी है. जो बार-बार इंसान को ज्ञान प्राप्ति की ओर प्रेरित करता है. कहा कि यदि इल्म हासिल करने के लिए दूर-दराज का सफर भी करना पड़े तो पीछे नहीं हटना चाहिए. बाबा शराफत शाह चिश्ती कादरी ने कहा कि इस्लाम अमन, शांति व सलामती का पैगाम देने वाला मजहब है. यह इंसानियत, आपसी मोहब्बत और बराबरी की शिक्षा देता है. उन्होंने लोगों से इस्लाम के बताये रास्ते पर चलने और समाज में भाईचारा कायम रखने की अपील किया. इसके अलावे तकबूल अली चिश्ती, अलाउद्दीन हसन बुरहानी, मंसूर अली चिश्ती, कुतुबुद्दीन व अन्य उलेमा-ए-इकराम ने अपने-अपने बातों को रखा. मंच संचालन मो वारिस अली कुर्बानवी चिश्ती ने किया. मौके पर मजहर अयुबी, गुलाम हुसैन चिश्ती, आदिल चिश्ती, करामुद्दीन चिश्ती, तौफीक अख्तर, कारी इजहार अली मौजूद थे. हाइलार्ट्स : 38वां मुर्शिद कॉन्फ्रेंस का हुआ आयोजन मदीना मोहल्ला में 38वां वार्षिक मुर्शिद कॉन्फ्रेंस का आयोजन

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By BALRAM

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