बगैर चालान के कर लिया बालू स्टॉक एम्स भवन निर्माण कंपनी को नोटिस
देवघर :देवीपुर में एम्स भवन का निर्माण कर रही कंस्ट्रक्शन कंपनी एनकेजी ने बगैर चालान के 100 से अधिक ट्रैक्टर बालू का स्टॉक कार्य स्थल पर कर लिया है. खनन विभाग ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए कंस्ट्रक्शन कंपनी एनकेजी के जीएम को नोटिस भेजा है. डीएमओ राजेश कुमार ने कंपनी को बालू […]
देवघर :देवीपुर में एम्स भवन का निर्माण कर रही कंस्ट्रक्शन कंपनी एनकेजी ने बगैर चालान के 100 से अधिक ट्रैक्टर बालू का स्टॉक कार्य स्थल पर कर लिया है. खनन विभाग ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए कंस्ट्रक्शन कंपनी एनकेजी के जीएम को नोटिस भेजा है.
डीएमओ राजेश कुमार ने कंपनी को बालू के स्टॉक का आकलन कर फाइन समेत दोगुना रॉयल्टी जिला खनन कार्यालय में जमा करने का निर्देश दिया है. डीएमओ ने कंपनी के जीएम को नोटिस भेजते हुए कहा है कि निरीक्षण के क्रम में एम्स की साइट पर भारी मात्रा में बालू का स्टॉक पाया गया है.
बगैर चालान के बालू स्टॉक कर निर्माण करना खनिज अधिनियम का उल्लंघन है. इससे सरकार के राजस्व को नुकसान है. कंपनी को एक सप्ताह का समय देते हुए कहा गया कि बालू का यह स्टॉक कहां से प्राप्त किया गया है, इससे संबंधित दस्तावेज खनन कार्यालय में जमा करें. एनजीटी की रोक हटने के बाद नदियों से 16 अक्तूबर से बालू का खनन हुआ है व देवघर में 24 अक्तूबर से बालू घाटों से बालू उठाव शुरू हुआ है. 16 से 24 के बीच एम्स के कार्यस्थल पर बालू का स्टॉक किया गया है.
बालू के अभाव में काम था बंद
राष्ट्रीय भवन निर्माण निगम के अधीन देवघर एम्स का कंस्ट्रक्शन करने वाली कंपनी एनकेजी ने खनन विभाग से बालू उपलब्ध कराने के लिए पत्र दिया था. कंपनी के जीएम का कहना था कि एम्स निर्माण में एक लाख टन बालू की आवश्यकता है, अगर बालू उपलब्ध नहीं कराया गया ताे निर्माण कार्य समय पर नहीं हो पायेगा.
एम्स में 11 भवन के लिए नींव खुदाई हो गयी है, लेकिन बालू के अभाव में नींव में पीलर की ढलाई का काम बंद है. कंपनी के इस पत्र को प्राप्त करने के बाद भी डीएमओ ने साफ तौर पर कहा दिया था कि एनजीटी की रोक हटने के बाद जेएसएमडीसी से बालू का उठाव शुरू होने पर ही चालान का बालू दिया जा सकता है. जबकि कंपनी ने बगैर चालान के बालू स्टॉक कर लिया है.