शनिवार को पुलिस ने चिपकाया था इश्तेहा
शनिवार को कुंडा पुलिस ने सब्बीर के घर पर चिपकाया था इश्तेहार
देवघर : कुंडा थानांतर्गत दुर्गापुर निवासी मंसूर उर्फ मंटू अंसारी हत्याकांड में वांटेड हिरना मुहल्ला निवासी सब्बीर शेख गिरिडीह के बेंगाबाद थाना क्षेत्र में गिरफ्तार हुआ है. सब्बीर की गिरफ्तारी की पुष्टि एसपी नरेंद्र कुमार सिंह ने की. सब्बीर की गिरफ्तारी की सूचना पाकर कुंडा पुलिस भी उससे पूछताछ करने बेंगाबाद के लिए रवाना हुई. सब्बीर कहां से पकड़ा गया व कैसे उसकी गिरफ्तारी हुई, यह नहीं पता चल पाया है. पुलिस पूरे मामले को गोपनीय रखकर सब्बीर से पूछताछ करने में जुटी है.
शनिवार को चिपकाया था इश्तेहार: शनिवार को ही कुंडा थाना की पुलिस ने नगर थाना क्षेत्र के हिरना मुहल्ला स्थित सब्बीर के घर पर जाकर इश्तेहार चिपकाया था.
इसी बीच कुंडा थाना की पुलिस को बैंगाबाद में सब्बीर के गिरफ्तार होने की सूचना मिली. पुलिस की छापेमारी टीम ने मंटू हत्याकांड में प्रयुक्त सबीर अंसारी की सफारी गाड़ी को कोडरमा से 24 अगस्त 2017 को बरामद कर लाया था. पुलिस के अनुसार जब्त की गयी सफारी गाड़ी में खून के छींटे के निशान भी पाये गये हैं. सफारी गाड़ी को पुलिस की छापेमारी टीम द्वारा सबीर के ससुराल कोडरमा से बरामद कर लाया गया था.
पिस्तौल बरामद किया गया था टारजन के घर से : मंसूर उर्फ मंटू अंसारी की हत्या हिरना मुहल्ला निवासी मो टारजन उर्फ जफर के घर से बरामद हुए हथियार से की गयी थी. उक्त बातें नगर थाना में आयोजित पत्रकार वार्ता में एसडीपीओ दीपक कुमार पांडेय ने 25 अगस्त 2017 को कही थी. मंटू हत्याकांड में गिरफ्तार सल्लूरायडीह गांव निवासी आजाद की निशानदेही पर टारजन उर्फ जफर के घर में छापेमारी की गयी थी, जिसमें पुलिस ने दो पिस्तौल, तीन मैगजीन व 12 जिंदा कारतूस के साथ टारजन को दबोचा था.
22 कट्ठे की जमीन में गयी थी मंटू की जान: पुलिस के अनुसार असगर, आजाद व मंटू एक साथ जमीन कारोबार करता था. वहीं हिरना मुहल्ले का सब्बीर शेख भी जमीन कारोबार से ताल्लुकात रखता है. दुर्गापुर गांव के बगल में जहां सबीर का तहखाना है, वहीं बगल में एक 22 कटठे की जमीन थी. उक्त जमीन की देखरेख मंटू, असगर व अाजाद किया करता था, जिस पर सब्बीर की भी नजर थी.
हत्याकांड के दो दिन पूर्व सब्बीर ने मंटू को अपने घर बुलवाया था और उक्त जमीन देने का दबाव बनाया था. बावजूद जमीन लेनदेन की बात नहीं बनी और दूसरे दिन मंटू की हत्या कर दी गयी. सब्बीर के तहखाने के अंदर ही मंटू को गोली मारकर हत्या की गयी थी और उसकी लाश सब्बीर की सफारी गाड़ी (जेएच 15 जे 1426) पर लादकर घटनास्थल तक लाया था.
