टंडवा. एनटीपीसी चट्टी बारियातु परियोजना से जुड़ी सड़क निर्माण को लेकर ग्रामीणों का विरोध दूसरे दिन भी जारी रहा. बड़ी संख्या में महिला-पुरुष धरना स्थल पर बैठे रहे, जिसकी अध्यक्षता विनय बिहारी शरण ने की. विरोध करने वाले ग्रामीणों का कहना है कि सड़क बनने से प्रदूषण, दुर्घटनाएं और पर्यावरणीय नुकसान होगा. उन्होंने आरोप लगाया कि जेआरएल कंपनी ने बिना सहमति के निर्माण कार्य शुरू किया है. आंदोलनकारियों ने चेतावनी दी कि जब तक काम बंद नहीं होता, आंदोलन जारी रहेगा और आवश्यकता पड़ने पर चक्का जाम भी किया जायेगा.
रैयतों ने धरना देने की तैयारी शुरू कर दी है
दूसरी ओर, आंदोलन स्थल के समीप कई गांवों के रैयतों ने सड़क निर्माण के समर्थन में धरना देने की तैयारी शुरू कर दी है. उनका कहना है कि उन्होंने अपनी जमीन कंपनी को एग्रीमेंट के तहत दी है और सड़क निर्माण विकास के लिए आवश्यक है. उनका आरोप है कि कुछ लोग निजी स्वार्थ में विरोध कर रहे हैं. इस स्थिति से ग्रामीणों के बीच टकराव की आशंका बढ़ रही है.
धरना में जिप सदस्य देवंती देवी, मुखिया सुबेश राम, जितेंद्र सिंह, खेमन राम, नारायण ठाकुर, सुरेश ठाकुर, विनोद राम, रौशन भुईयां, पवन महतो समेत कई ग्रामीण उपस्थित थे. यह संघर्ष विकास और पर्यावरणीय चिंताओं के बीच संतुलन की चुनौती को उजागर करता है. यदि प्रशासन ने समय रहते हस्तक्षेप नहीं किया, तो स्थिति और गंभीर हो सकती है.