पारा शिक्षकों पर हुए लाठीचार्ज के खिलाफ धरना

चतरा : जिला कांग्रेस कमेटी ने सोमवार को समाहरणालय के समक्ष धरना दिया. धरना के माध्यम से 15 नवंबर को रांची में पारा शिक्षकों व पत्रकारों पर हुए लाठीचार्ज का विरोध किया गया. धरना पूर्व प्रधानमंत्री स्व0 इंदिरा गांधी के 101वां जयंती के अवसर पर दिया गया. जिसकी अध्यक्षता जिलाध्यक्ष इमदाद हुसैन ने किया. कार्यक्रम […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | November 20, 2018 6:36 AM
चतरा : जिला कांग्रेस कमेटी ने सोमवार को समाहरणालय के समक्ष धरना दिया. धरना के माध्यम से 15 नवंबर को रांची में पारा शिक्षकों व पत्रकारों पर हुए लाठीचार्ज का विरोध किया गया. धरना पूर्व प्रधानमंत्री स्व0 इंदिरा गांधी के 101वां जयंती के अवसर पर दिया गया. जिसकी अध्यक्षता जिलाध्यक्ष इमदाद हुसैन ने किया.
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष ने कहा कि अपने हक की मांग करनेवाले पारा शिक्षकों को बेवजह जेल में डाल दिया गया. साथ ही समाचार संकलन करने गये पत्रकारों को भी नहीं बख्शा गया.
झारखंड की रघुवर सरकार लाठी व गोली का प्रयोग कर पारा शिक्षकों की मांग दबाना चाहती है. लोकतंत्र में हर संगठन को अपनी मांग को लेकर आंदोलन करने का हक है. झारखंड सरकार पूरी तरह विफल साबित हो रही है. कार्यक्रम को वरिष्ट कांग्रेसी नेता प्रमोद दुबे, पूर्व जिलाध्यक्ष बद्री राम व साबिर हुसैन ने भी संबोधित किया.
इस अवसर पर प्रमोद कुमार त्रिवेदी, जावेद पप्पू रजा, नीलम देवी, सुरेश राम, सुधीर दुबे, धर्मेंद्र साहू, ओमप्रकाश पाठक, प्रदीप गुप्ता, मो शरमद, गोविंद प्रसाद सिंह, महावीर दांगी, जगदीश यादव, मिथिलेश प्रसाद, अनिरुद्ध सिंह, रुस्तम अंसारी, सुधांशु भारद्वाज, लक्ष्मी कुमार, जागेश्वर प्रसाद समेत कई शामिल थे.
पांच सूत्री ज्ञापन सौंपा : धरना के बाद कांग्रेसियों ने राज्यपाल के नाम उपायुक्त को पांच सूत्री मांग पत्र सौंपा, जिसमें पारा शिक्षकों पर किये गये मुकदमा को वापस, जेल भेजे गये पारा शिक्षकों रिहा करने, जायज मांग को लागू, पत्रकारों पर हुए लाठीचार्ज की उच्च स्तरीय जांच करते हुए दोषित कर्मियों को दंडित करने, चतरा जिला को सुखाड़ क्षेत्र घोषित करते हुए सिमरिया, गिद्धौर व टंडवा को शामिल करने, 2016-17 व 2017-18 की फसल बीमा राशि का भुगतान अविलंब करने की मांग शामिल है.